ईरानी गैंग का सरगना -राजू ईरानी पुलिस हिरासत में:
संवाददाता
12 January 2026
अपडेटेड: 4:15 PM 0thGMT+0530
‘ईरानी डेरे का’ सरगना और भोपाल का कुख्यात अपराधी है राजू ईरानी !
इस समय राजू ईरानी पुलिस हिरासत में है। राजू ईरानी को 14 राज्यों की पुलिस तलाश रही थी।
7 दिन की पुलिस रिमांड पर राजू ईरानी:
देश के कई राज्यों में अपराध का नेटवर्क चलाने वाले राजू ईरानी को रविवार को जब भोपाल की जिला अदालत में पेश किया गया, तो कोर्ट रूम का नजारा कुछ ऐसा था जिसे देखकर हर कोई हैरान रह गया। राजू ईरानी मप्र पुलिस की गिरफ्त में था औऱ चारो तरफ से पुलिस का घेरा किसी फिल्मी सीन से कम नहीं लग रहा था। लेकिन उसके चेहरे पर कोई शिकन नहीं थी।बेखौफ होकर वो कह रहा था कुछ नहीं होगा । चार गंभीर मामलों में रिमांड पर भेजे जाने के बावजूद राजू ईरानी कोर्ट रूम से मुस्कुराता हुआ बाहर निकला उसे इतना भरोसा है कि उसका कुछ नहीं होने वाला । तभी तो कह रहा था… कि “जल्द ही छूट जाऊंगा”।
रिमांड मंजूर होने के बाद भी राजू ईरानी के चेहरे पर कोई तनाव नहीं दिख रहा था। कोर्ट रूम से बाहर निकलते समय वह मीडिया को भी नसीहत दे रहा था। और धमकी भरे अंदाज में बोलता नजर आया कि -जरा संभलकर रिपोर्टिंग करो। इस बेखौफ अंदाज ने पुलिस और आम लोगों को चौंका दिया।
खतरनाक राजू ईरानी खुद को बताता था प्रॉपर्टी डीलर:
निशातपुरा थाना पुलिस कुख्यात अपराधी आबिद अली उर्फ राजू को सूरत से प्रोडक्शन वारंट पर भोपाल लेकर आई। सूरत पुलिस ने बताया ये ‘रहमान डकैत’ के नाम से खौफ फैला रहा था। हाल ही में रिलीज हुई बालीवुड फिल्म धुरंधर में रहमान डकैत को एक खतरनाक अपराधी के रूप में दिखाया गया है, उसी छवि का वह फायदा उठा रहा था।
रविवार शाम उसे भोपाल जिला कोर्ट में पेश किया गया, जहां पुलिस ने चार मामलों में रिमांड की मांग की थी। अब कोर्ट ने उसे 17 जनवरी तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया। जिन चार मामलों में पुलिस को राजू ईरानी की तलाश थी उसे लेकर 2017 से ये अपराधी लगातार फरार चल रहा था। पुलिस से पूछताछ में राजू ईरानी खुद को प्रॉपर्टी डीलर बता रहा है।क्ष
उसका दावा है कि उसने कई सालों से अपराध से दूरी बना ली थी ,लेकिन पुलिस का मानना है कि बेहद शातिर है। राजू ईरानी और हर बार अलग अलग कहानियां बदलकर गुमराह करने की कोशिश करता रहा है।
गुप्त ऑपरेशन कर लिया हिरासत में:
सूरत क्राइम ब्रांच ने राजू ईरानी को लालगेट इलाके से गुप्त ऑपरेशन कर हिरासत में लिया। सूरत पुलिस को सूचना मिली थी कि भोपाल निवासी कुख्यात अपराधी सूरत में किसी बड़ी वारदात की फिराक में है। इसी इनपुट पर टीम ने जाल बिछाया और उसे धरदबोचा और अगले दिन शनिवार को उसे भोपाल पुलिस को सौंप दिया । कल रविवार को उसे जिला अदालत में पेश किया गया।
20 साल से अपराध की दुनिया में लिप्त:
20 साल से अपराध की दुनिया में लिप्त राजू ईरानी कभी नकली CBI अधिकारी बनकर तो कभी, साधु का वेश बनाकर रेकी करता था और फिर मौका मिलते ही कई बड़ी लूट औऱ ठगी की वारदातों को अंजाम देता था। आगजनी और जिंदा जलाने के प्रयास जैसे संगीन अपराधों में भी इसका नाम शामिल है। महाराष्ट्र में तो इस पर MCOCA जैसे सख्त कानून के तहत भी केस दर्ज हैं। पुलिस में जो इसका रिकॉर्ड दर्ज है उसके अनुसार राजू ईरानी भोपाल की अमन नगर कॉलोनी में 13-14 साल से रह रहा था और वहीं से पूरे देश में अपराध का नेटवर्क चला रहा था। वह छह अलग-अलग गैंग ऑपरेट करता था और उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश सहित 14 राज्यों में उसके नेटवर्क फैले हुए थे। चार मामलों में गिरफ्तारी भोपाल पुलिस ने जिन चार मामलों में राजू को गिरफ्तार किया है, उनमें शामिल हैं- भोपाल में 2017 का आगजनी का मामला दर्ज है जिसमें हत्या के प्रयास किया गया था और उत्तर प्रदेश के बहराइच में ठगी का मामला है महाराष्ट्र में लूट और ठगी के केस है। पुलिस पूछताछ में राजू ईरानी ने खुद को ईरानी डेरे का सरदार मानने से इनकार कर दिया है।
पुलिस का कहना है कि यह उसकी रणनीति है, ताकि संगठित अपराध की धाराएं कमजोर की जा सकें। इसकी पत्नी तुन ईरानी ने बयान में कहा है कि राजू ईरानी को “फंसाने की कोशिश” की गई है । उसका कहना है “जिन लोगों से दुश्मनी है, वही हमें फंसाने की कोशिश कर रहे हैं।
तनु ईरानी ने प्रशासन से रियायत बरतने की अपील भी की। फिलहाल राजू ईरानी पुलिस रिमांड पर है और उससे देशभर के अपराध नेटवर्क, गैंग कनेक्शन और फरार साथियों को लेकर पूछताछ जारी है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि आने वाले दिनों में इस केस में कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार राजू ईरानी को आखिरी बार 2020 में भोपाल क्राइम ब्रांच ने डकैती की योजना बनाते पकड़ा था। उस मामले में जेल से बाहर आने के बाद से दोबारा वह आपराधिक गतिविधियां कर रहा था।
लूट का मास्टरमाइंड:
जांच में सामने आया है कि यह राजू ईरानी और इनकी ईरानी गैंग हाईवे लूट में यह सक्रिय रही है । यह गैंग फर्जी आरटीओ अधिकारी बनकर ट्रैकों को रोकना और लूटपाट करती थी । आगरा, नोएडा, दिल्ली और राजस्थान के हाईवे उनके मुख्य ठिकाने रहे हैं। ईरानी गैंग का एक सदस्य
मुख्तार ईरानी पहले जेब कतरी करता था ,उसके बाद नशे के कारोबार में सक्रिय बताया जाता है। पुलिस के अनुसार उसका नाम भोपाल के एचडी ड्रग्स मामलों में भी शामिल है।
इसके अलावा इनकी गैंग में और भी कई लोग हैं । साहेब अली ,अली हैदर सरताज का गैंग, ज्वेलरी शॉप को भी निशाना बनाता था। यह आरोपी अलग-अलग राज्यों में जाकर रेकी करते। दुकानदार की अकेले होने पर गहनों की लूट कर फरार हो जाते हैं । भीड़भाड़ वाले इलाक़ों और बैंकों के बाहर केमिकल डालकर लोगों का ध्यान भटका कर लूट करना भी इनका एक तरह का तरीका है।
आलीशान जिंदगी का शौकीन:
आलीशान जिंदगी जीने का शौकीन है ये अपराधी। फर्जी पासपोर्ट से विदेश की सैर कर चुका है। ये फर्जी दस्तावेज बनवाने के मामले में बेहद शातिर है। अपराध से कमाया पैसा राजू ईरानी और उसके भाई जाकिर अली शौक में उड़ाते थे. लग्जरी कार, महंगी बाइक और यहां तक कि घोड़े तक पाल रखे थे. खुद फील्ड में कम उतरते लेकिन अपने गुर्गों के जरिए हर वारदात को अंजाम दिलवाते थे. चोरी का माल कहां बेचना है, किसे छुड़वाना है। सब वही तय करता था. दिसंबर के आखिरी हफ्ते में भोपाल पुलिस ने इरानी डेरा में बड़ा ऑपरेशन चलाया था. 150 से ज्यादा लोगों की जांच में कई संदिग्ध पकड़े गए, जिनमें महिलाएं भी शामिल थीं। यहीं से राजू ईरानी फरार हो गया था।
अब रिमांड पर पुलिस की पूछताछ जारी है । कुछ और भी खुलासे होने की संभावना है।