सीएम मोहन यादव ने निभाया वादा, क्रिकेटर क्रांति के पिता की 13 साल बाद नौकरी बहाल।
संवाददाता
6 January 2026
अपडेटेड: 4:55 PM 0thGMT+0530
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि उनके लिए वादा सिर्फ शब्द नहीं, जिम्मेदारी है… प्रदेश की बेटी और अंतरराष्ट्रीय महिला क्रिकेटर क्रांति गौड़ के पिता मुन्ना सिंह की 13 साल से निलंबित नौकरी को बहाल कर दिया गया है…
हाल ही में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने ICC महिला वनडे वर्ल्ड कप जीतकर इतिहास रच दिया… कप्तान हरमनप्रीत कौर की अगुवाई में इस ऐतिहासिक जीत में 22 साल की तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने अहम भूमिका निभाई थी… वर्ल्ड चैंपियन बनने के बाद जब क्रांति अपने गृह जिले छिंदवाड़ा पहुंचीं, तो उनका भव्य स्वागत हुआ… इसी सम्मान समारोह के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने क्रांति से बातचीत की थी… इस बातचीत में क्रांति ने अपने पिता की पीड़ा साझा की, जिसके बाद मुख्यमंत्री ने सार्वजनिक रूप से आश्वासन दिया था कि उनके पिता की नौकरी बहाल की जाएगी… अब सरकार ने उस वादे को पूरा कर दिखाया है…
आपको बता दें कि क्रांति गौड़ के पिता मुन्ना सिंह मध्य प्रदेश पुलिस में कांस्टेबल के पद पर कार्यरत थे… साल 2012 में चुनावी ड्यूटी के दौरान कथित लापरवाही के आरोप में उन्हें निलंबित कर दिया गया था… तब से यह मामला लंबित चला आ रहा था… सरकार के इस फैसले से न सिर्फ परिवार को आर्थिक राहत मिली है, बल्कि सामाजिक सम्मान भी वापस लौटा है… क्रांति का वह सपना भी साकार हुआ है, जिसमें वह अपने पिता को पुलिस की वर्दी में सम्मानपूर्वक सेवानिवृत्त होते देखना चाहती थीं… सीएम मोहन यादव का यह कदम प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देने के साथ-साथ मानवीय संवेदनशीलता का भी उदाहरण माना जा रहा है ।