उत्तर प्रदेश में छह प्रमुख बस टर्मिनलों का आधुनिकीकरण किया जाएगा

khabar pradhan

संवाददाता

8 March 2025

अपडेटेड: 7:07 AM 0thGMT+0530

यूपी के छह प्रदेश के छह बस टर्मिनलों का पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल के तहत आधुनिकीकरण किया जाएगा। इस पर करीब 2700 करोड़ खर्च होंगे। इसमें लखनऊ का गोमती नगर और अमौसी, गाजियाबाद, प्रयागराज, कौशांबी, अयोध्या शामिल है।

बस टर्मिनलों का 2700 करोड़ से आधुनिकीकरण होगा। ये आधुनिकीकरण पीपीपी मॉडल से होगा।

पीपीपी मॉडल पर आधुनिकीकरण करने के लिए ओमेक्स की सहायक कंपनी बीटुगेदर ने शुक्रवार को एक नियामक फाइलिंग की है। इसके तहत 2,700 करोड़ रुपये के कुल निवेश के बाद इन परियोजनाएं से 4,700 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होगा। इसके साथ ही परियोजनाओं में कुल बिक्री योग्य क्षेत्र 45.59 लाख वर्ग फीट है और छह परियोजनाओं के लिए संयुक्त निर्मित क्षेत्र 70.80 लाख वर्ग फीट है।

छह बस टर्मिनलों के आधुनिकीकरण में यात्री सुविधा और वाणिज्यिक क्षमता को बढ़ाया जाएगा। हर टर्मिनल में स्वचालित टिकटिंग सिस्टम, वास्तविक समय के शेड्यूल के लिए डिजिटल डिस्प्ले, एसी वेटिंग लाउंज, चार्जिंग स्टेशन, एस्केलेटर, लिफ्ट और उन्नत सुरक्षा उपायों के साथ आरामदायक बैठने की सुविधा आदि विकसित की जाएगी। बीटुगेदर के संस्थापक मोहित गोयल ने कहा कि बस टर्मिनलों के आधुनिकीकरण से सार्वजनिक परिवहन में सुधार होगा और व्यवसायों और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर मिलेंगे।

टिप्पणियां (0)