बजट में आयकर में कोई राहत नहीं -1 अप्रैल से नया आयकर कानून लागू:

khabar pradhan

संवाददाता

2 February 2026

अपडेटेड: 9:40 PM 0ndGMT+0530

बजट में आयकर में कोई राहत नहीं -1 अप्रैल से नया आयकर कानून लागू:



भारत के संसदीय इतिहास में 1 फरवरी 2026 को रविवार के दिन बजट पेश किया गया। रविवार को सुबह 11:00 बजट पेश किया गया।


बजट में वित्त मंत्री सीतारमण में इस बार आम आदमी को कोई राहत नहीं दी है ।
आयकर स्लैब और दरों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। मगर अमेरिकी टैरिफ से मुकाबला और ट्रेड डील्स के लिए प्लेटफार्म बनाने की कोशिश की गई है।
इस बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इस बार आयकर में कोई राहत नहीं दी है ,हालांकि यह जरूर कहा है कि नया कानून 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा । नए कानून से जुड़े नियम और रिटर्न फॉर्म जल्द जारी किए जाएंगे । फार्म को दोबारा डिजाइन किया गया है ,जिससे आम आदमी खुद रिटर्न भर सकेगा । साथ ही अपडेटेड रिटर्न भरने की सीमा 31 दिसंबर से बढ़कर 31 मार्च कर दी गई है।

विदेश में भी आय को घोषित करने का दिया मौका:

आयकर रिटर्न में विदेश में छिपाई गई संपत्ति को या अपनी आय को घोषित करने का मौका इस बजट में दिया गया है । इसके तहत 6 महीने में एक करोड रुपए तक की छुपी आय पर 30% अतिरिक्त टैक्स देकर मुकदमे से बचा जा सकता है । इसके अलावा दुर्घटना मुआवजा पर ब्याज फ्री कर दिया गया है।

विदेशी यात्रा विदेश में पढ़ाई पर राहत की खबर:

विदेशी यात्रा और विदेश में पढ़ाई से जुड़े लोगों के लिए एक अच्छी खबर है।
* इस बजट में विदेश यात्रा पर टीसीएस दर घटाने का प्रस्ताव दिया गया है अभी यह पांच प्रतिशत यानी 10 लाख तक है और 20% 10 लाख से ऊपर है । जो अब घटकर दो प्रतिशत तक रह जाएगा ।

* यदि कोई विदेश पढ़ने जाता है या इलाज के लिए विदेश जाता है ,तो उस पैसे को बाहर भेजते समय अभी 5% की दर से टीसीएस देना पड़ता है । अब दो प्रतिशत की दर से यह टेक्स देना पड़ेगा । यह रियायत 10 लाख रुपए से अधिक राशि भेजने पर दी जाएगी।
*  विदेश में पढ़ाई के लिए एजुकेशन लोन लेने पर कोई टीसीएस नहीं लगेगा।

*यदि कोई एनआरआई किसी भारतीय कंपनी में 5% तक इक्विटी निवेश कर सकता था अब यह सीमा दुगनी करके 10 प्रतिशत कर दी गई है।‌ यानी सभी एनआरआई निवेशकों की कुल निवेश सीमा 10% से बढ़कर 24% कर दी गई है।

नए पैकेज नियम में ड्यूटी फ्री की सीमा 50 हजार से 75 हजार की गई:

*नये बैगेज नियम 2026 के तहत शुल्क मुक्त सामान की सीमा 50 से बढ़कर 75 हजार कर दी गई है।  यह नियम 2 फरवरी की आधी रात से लागू कर दिया गया है । जिसमें 10 साल पुराना  2016 का बैगेज नियम खत्म कर दिया गया।

*ड्यूटी फ्री सीमा विदेशियों के लिए ₹15 हजार से ₹25 हजार कर दी गई है।
*1 वर्ष से अधिक समय तक विदेश में रहने वाले भारतीय लोग सोना, चांदी, प्लैटिनम के आभूषण ला सकते हैं। इसमें महिला यात्री 40 ग्राम और अन्य 20 ग्राम तक सामान ला सकते हैं। विदेश से सामान लाने पर कस्टम ड्यूटी दर घटाने का प्रस्ताव रखा गया है इसे 20% से घटकर 10% किया गया है।

*एनआरआई द्वारा भारत में प्रॉपर्टी बेचने पर खरीदार को टैन लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी।  बल्कि पैन आधारित चालान से ही टीडीएस जमा किया जा सकता है।  इससे विदेशी प्रतिभाओं को राहत के लिए टैक्स में छूट दी गई है।

रिटर्न दाखिल करने में देरी तो लगेगी लेट फीस:
आयकर छूट में सीमा नहीं बढ़ाई गई है । इसके अलावा ऐसे करदाता जिनकी आय व्यवसाय या किसी बिजनेस से है उनका ऑडिट करना जरूरी नहीं है।  ऐसी फर्म के लिए रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 अगस्त कर दी गई है।  रिटर्न में कोई गलती होने पर करदाता 31 मार्च तक रिवाइज रिटर्न दे सकता है।  यदि रिवाइज्ड रिटर्न भी 31 अगस्त के बाद दाखिल करते हैं तो लेट फीस लगेगी।  कुल आय 5 लाख रुपए तक है तो लेट फीस 1000 यदि ज्यादा आय हैं तो 5000 रुपए।

बजट में लाभांश और म्युचुअल फंड की आय में से ब्याज खर्च की छूट नहीं मिलेगी यह छूट अभी तक आए की 20% तक सीमित थी।

जीरो से चार लाख तक कोई टैक्स नहीं।
4 से 8 लाख तक –5% टैक्स
8 से 12 लाख पर– 10% टैक्स
12 से 16 लाख पर –15% टैक्स 16 से 20 लाख पर– 20% टैक्स
20 से 24 लाख पर –25% टैक्स
24 लाख से ऊपर आय पर –30% टैक्स

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