भोपाल में पेट्रोल-डीजल और रसोई गैस संकट से बड़ी राहत: एक ही दिन में हुई 8000 से ज्यादा सिलेंडरों की डिलीवरी
संवाददाता
30 March 2026
अपडेटेड: 1:11 PM 0thGMT+0530
30 मार्च 2026
भोपाल: पिछले कुछ दिनों से जारी पेट्रोलियम और एलपीजी संकट के बीच अब राजधानी भोपाल के निवासियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। रविवार को अवकाश होने के बावजूद जिले की 50 गैस एजेंसियों ने सक्रियता दिखाते हुए 8000 से अधिक रसोई गैस सिलेंडरों की होम डिलीवरी सुनिश्चित की। जिला नियंत्रक चंद्रभान सिंह जादौन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, रविवार को पूरे दिन में कुल 12,750 सिलेंडरों की बुकिंग दर्ज की गई। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अब गैस सिलेंडर की डिलीवरी के लिए अधिकतम दो से तीन दिनों का लक्ष्य तय किया गया है, ताकि उपभोक्ताओं को लंबा इंतज़ार न करना पड़े। साथ ही, एजेंसियों को रविवार के दिन भी खुले रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि वितरण कार्य में तेजी बनी रहे।
ईंधन की स्थिति पर गौर करें तो पेट्रोल पंपों पर लगने वाली भारी भीड़ में अब काफी कमी देखी जा रही है और मांग के अनुरूप आपूर्ति सामान्य होती नजर आ रही है। वर्तमान में तीनों तेल कंपनियों के डिपो में लगभग 4900 किलोलीटर पेट्रोलियम का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। गौरतलब है कि पिछले कुछ दिनों में पेट्रोल की मांग अचानक 40 फीसदी तक बढ़ गई थी, जिससे स्थिति चुनौतीपूर्ण हो गई थी, लेकिन अब जिले में रोजाना 9 लाख लीटर पेट्रोल और 7.50 लाख लीटर डीजल की आपूर्ति सुचारू रूप से जारी है।
दूसरी ओर, एलपीजी संकट के स्थायी समाधान के रूप में कंपनियां अब पीएनजी (पाइप वाली प्राकृतिक गैस) कनेक्शन को अनिवार्य करने की दिशा में कदम बढ़ा रही हैं। इसके लिए सोसायटियों और कॉलोनियों के पदाधिकारियों से संपर्क किया जा रहा है और उपभोक्ताओं को मैसेज व टेलीफोन के जरिए जागरूक किया जा रहा है। सरकार की मंशा है कि जिन घरों में पाइप लाइन के जरिए गैस की सुविधा पहुँच चुकी है, वहां सिलेंडर की आपूर्ति बंद कर पीएनजी के उपयोग को बढ़ावा दिया जाए।