वक्फ संशोधन बिल के खिलाफ दिल्ली में मुस्लिम संगठनों का प्रदर्शन
संवाददाता
22 April 2025
अपडेटेड: 10:51 AM 0ndGMT+0530

तालकटोरा स्टेडियम में बड़ा आयोजन, ओवैसी समेत विपक्षी नेता हो सकते हैं शामिल
वक्फ संशोधन बिल 2024 के विरोध में आज दिल्ली के तालकटोरा इंडोर स्टेडियम में ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) और अन्य मुस्लिम संगठनों द्वारा एक बड़ा प्रदर्शन आयोजित किया जा रहा है। इस आयोजन में हजारों लोगों के शामिल होने की उम्मीद है। सूत्रों के अनुसार, AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी, JMM नेता हेमंत सोरेन, और अन्य विपक्षी दलों के नेता भी इस प्रदर्शन में हिस्सा ले सकते हैं।
प्रदर्शन का उद्देश्य
वक्फ बिल का विरोध: प्रदर्शनकारी वक्फ संशोधन बिल को मुस्लिम समुदाय के अधिकारों पर हमला बता रहे हैं। उनका दावा है कि यह बिल वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में हस्तक्षेप करेगा और धार्मिक स्वतंत्रता को कमजोर करेगा।
जागरूकता और एकजुटता: AIMPLB ने इसे सामुदायिक एकता और नागरिक अधिकारों की रक्षा के लिए एक मंच बताया है। संगठन ने बिल को “असंवैधानिक” करार देते हुए इसे वापस लेने की मांग की है।
आयोजन का विवरण
स्थान और समय: तालकटोरा इंडोर स्टेडियम में सुबह 10 बजे से प्रदर्शन शुरू होगा। स्टेडियम को इस बड़े आयोजन के लिए विशेष रूप से तैयार किया गया है।
प्रमुख वक्ता: AIMPLB के अध्यक्ष मौलाना खालिद सैफुल्लाह रहमानी, जमीअत उलेमा-ए-हिंद के नेता मौलाना अरशद मदनी, और अन्य प्रमुख मुस्लिम नेता इस आयोजन को संबोधित करेंगे।
विपक्षी नेताओं की भागीदारी: असदुद्दीन ओवैसी ने पहले ही बिल के खिलाफ मुखर विरोध जताया है। उनके अलावा, विपक्षी गठबंधन INDIA के कुछ अन्य नेता भी समर्थन में शामिल हो सकते हैं।
वक्फ संशोधन बिल क्या है?
वक्फ संशोधन बिल 2024 में वक्फ बोर्ड के ढांचे और वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में बदलाव प्रस्तावित हैं। सरकार का दावा है कि यह बिल वक्फ संपत्तियों के बेहतर प्रबंधन और पारदर्शिता के लिए है। हालांकि, AIMPLB और अन्य संगठनों का कहना है कि यह बिल वक्फ बोर्ड की स्वायत्तता को कम करता है और गैर-मुस्लिमों को बोर्ड में शामिल करने का प्रावधान धार्मिक स्वतंत्रता के खिलाफ है।
सुरक्षा और प्रशासनिक इंतजाम
दिल्ली पुलिस ने तालकटोरा स्टेडियम और आसपास के क्षेत्रों में भारी सुरक्षा व्यवस्था की है। ड्रोन निगरानी और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किए गए हैं।
ट्रैफिक पुलिस ने स्टेडियम के आसपास वैकल्पिक मार्गों की सलाह दी है, क्योंकि प्रदर्शन के कारण जाम की आशंका है।
आयोजकों ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन का आश्वासन दिया है और प्रशासन के साथ समन्वय की बात कही है।
विपक्ष और सरकार का रुख
विपक्ष: कांग्रेस, सपा, और TMC जैसे दलों ने बिल का विरोध किया है। उनका कहना है कि यह बिल धार्मिक अल्पसंख्यकों के अधिकारों का हनन करता है।
सरकार: केंद्र सरकार का कहना है कि बिल का उद्देश्य वक्फ संपत्तियों का दुरुपयोग रोकना और उनका बेहतर उपयोग सुनिश्चित करना है। सरकार ने विपक्ष के आरोपों को राजनीति से प्रेरित बताया है।
सोशल मीडिया पर चर्चा
सोशल मीडिया पर #WaqfAmendmentBill और #DelhiProtest जैसे हैशटैग ट्रेंड कर रहे हैं। कई यूजर्स प्रदर्शन को समुदाय की एकजुटता का प्रतीक बता रहे हैं,