26 फरवरी 2026

भोपाल:ई-खनिज पोर्टल से दाखिल होंगे दस्तावेज, कंपनियों को बड़ी राहत
मध्यप्रदेश में खनन सेक्टर को डिजिटल बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। अब 1 मार्च से खनन कंपनियां अपनी रिटर्न और असेसमेंट से जुड़े सभी दस्तावेज ऑनलाइन ई-खनिज पोर्टल पर अपलोड कर सकेंगी। इससे कंपनियों को बार-बार राजधानी आकर कागजी प्रक्रिया पूरी करने की जरूरत नहीं पड़ेगी और काम तेज होगा।

पारदर्शिता और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस पर जोर
खनिज विभाग का कहना है कि इस व्यवस्था का उद्देश्य खनन कारोबार में पारदर्शिता बढ़ाना और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को मजबूत करना है। विभाग ने ऑनलाइन रिटर्न और असेसमेंट के लिए नया मॉड्यूल तैयार कर पोर्टल पर सक्रिय कर दिया है, जिससे प्रक्रिया अधिक सरल और समयबद्ध हो सकेगी।

अब नहीं जमा होंगे भौतिक रिटर्न, समय और खर्च में कमी
मप्र गौण खनिज अधिनियम 1996 के तहत कंपनियों को मासिक, छमाही और वार्षिक रिटर्न जमा करना होता है। अब तक यह प्रक्रिया भौतिक रूप से होती थी, लेकिन नई व्यवस्था में ऑनलाइन रिटर्न ही मान्य होंगे। विभाग के अनुसार इससे कंपनियों का समय और खर्च दोनों कम होंगे तथा फाइलों के लंबित रहने की समस्या भी घटेगी।

हर छह महीने में ऑनलाइन असेसमेंट जरूरी
खनन कंपनियों को हर छह महीने में किए गए खनन और उपयोग की गई खनिज मात्रा की जानकारी ऑनलाइन देनी होगी। असेसमेंट के जरिए उत्पादन, परिवहन और रॉयल्टी से जुड़ी जानकारी विभाग तक पहुंचेगी। यदि कंपनियां समय पर जानकारी नहीं देंगी तो विभाग सीधे देय राशि वसूलेगा और देरी पर पेनल्टी भी लगाई जाएगी।

अधिकारी भी अब डिजिटल प्रक्रिया से होंगे जुड़े
नई व्यवस्था में असेसमेंट से जुड़े दस्तावेज भी ऑनलाइन जमा होंगे, जिससे अधिकारियों को भी राजधानी आने की जरूरत नहीं पड़ेगी। खनिज विभाग का मानना है कि इससे काम की गति बढ़ेगी और रिटर्न व असेसमेंट में देरी कम होगी।