ट्रम्प ने कहा- ईरान को हथियार देने वाले देशों पर लगेगा 50% टैरिफ :
संवाददाता
9 April 2026
अपडेटेड: 4:59 PM 0thGMT+0530
9 अप्रैल 2026 :
वाशिंगटन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का ईरान के साथ दो हफ्ते का युद्ध विराम की घोषणा करने के बाद एक नए टैरिफ जारी कर दुनिया को फिर से अचंभित कर दिया । यानी अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर से टैरिफ बम छोड़ा है और यह उन देशों के लिए है जो ईरान को हथियारों की सप्लाई कर रहे हैं।
डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी देते हुए कहा है कि जो भी देश ईरान को हथियार देगा उस पर 50% का टैरिफ लगाया जाएगा।
यानी 50% टैरिफ का मतलब है कि अमेरिका में सामान इतना महंगा हो जाएगा कि उसकी बिक्री ठप हो सकती है । यानी चीन ,रूस ,तुर्की जैसे देशों के लिए एक आर्थिक झटका जैसा साबित हो सकता है जो ईरान के व्यापारिक साझेदार है।
और इस 50% टैरिफ में किसी को भी कोई छूट या रियायत नहीं मिलेगी और यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किया जाएगा। ट्रंप की टैरिफ वाली धमकी से विश्व के बाजारों में हलचल तेज हो गई है। ऐसे देश जो जिनका ईरान के साथ रक्षा संबंध है,उन्हें अपना व्यापार बढ़ाने के लिए या ईरान की मदद करने के बीच मुश्किल खड़ी हो सकती है।
अमेरिका चाहता है ईरान को अन्य देशों से अलग थलग करना:
अमेरिका यह चाहता है कि ईरान को इतना कमजोर बना दिया जाए कि वह फिर से अपनी सैन्य ताकत के सहारे खड़ा ना हो सके। इस युद्ध विराम से पहले ईरान के तेवर किसी की तरह कमजोर नहीं थे। ईरान के इन तेवरों के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को झुकना पड़ा। ट्रम्प ने आखिरकार बुधवार तड़के दो सप्ताह के लिए युद्धविराम का ऐलान कर दिया। इजराइल ने भी ईरान के खिलाफ जंगबंदी पर सहमति जताई है। इससे 40 दिन चली जंग से त्रस्त दुनिया ने राहत की सांस ली। भारत ने ईरान से 7 साल बाद तेल की खरीद की है। इस हफ्ते के अंत तक तेल टैंकर भारत पहुंचेगा। ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला खामेनेई की शहादत की याद में ईरान की सड़कों पर बुधवार देर रात लोगों का हुजूम उमड़ा। खामेनेई 28 फरवरी को अमेरिकी हमले में मारे गए थे।
ईरान के राष्ट्रपति पजेशकियान ने कहा है कि हमने स्थायी युद्धबंदी के लिए अमेरिका को 10 सूत्र भेजे हैं। शुक्रवार को इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधि वार्ता शुरू होगी। अमेरिकी उप राष्ट्रपति जेडी वेंस भी इसमें शामिल होंगे। हालांकि अब ट्रम्प ने चेताया है कि ईरान को हथियार देने वाले देशों पर तुरंत प्रभाव से 50% टैरिफ लगाया जाएगा। इस बीच, भारतीय विदेश मंत्रालय ने युद्धविराम का स्वागत किया और कहा, यह पश्चिम एशिया में स्थायी शांति के लिए अहम साबित होगा। होर्मुज से बेरोकटोक आवाजाही शुरू हो सकेगी।