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27 मई 2026

लखनऊ:

लखनऊ में सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कसा तंज, कहा- जितने का कार में तेल लगा, उतने में तो नया गमला आ जाता।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और चोरी करने वालों पर सख्त लेकिन बेहद मजाकिया लहजे में टिप्पणी की। सीएम योगी ने मंच से एक ऐसा अजीबोगरीब उदाहरण दिया जिसे सुनकर वहां मौजूद तमाम लोग हंस पड़े। मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रशासन शहरों को सुंदर बनाने के लिए सड़क के किनारों पर खूबसूरत गमले लगाता है, लेकिन कुछ लोग उन्हें भी चुराकर अपने घर ले जाते हैं।
चोरी का यह है नया मॉडल
मुख्यमंत्री ने एक अनोखे मामले का जिक्र करते हुए कहा कि उनके सामने एक ऐसा वाकया आया जिसमें बेहद रईस लोग, जो ढाई करोड़ रुपये की महंगी कार से आए थे, सड़क किनारे रखा मात्र 45 रुपये का गमला उठाकर रफूचक्कर हो गए। सीएम योगी ने इसे चोरी का बिल्कुल नया मॉडल बताया। उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा कि जरा सोचिए, उस ढाई करोड़ की कार में आने-जाने के दौरान जितने रुपये का तेल खर्च हुआ होगा, उतने पैसे में तो बाजार से कई नए गमले खरीदे जा सकते थे।
सीसीटीवी में कैद हुई रईसों की हरकत
सीएम योगी ने आगे बताया कि आजकल शहरों में हर जगह सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं और लगातार निगरानी की जाती है। इसी तीसरी आंख यानी सीसीटीवी की मदद से पता चला कि ढाई करोड़ रुपये की लग्जरी कार से आए लोग सड़क से गमला चुरा रहे थे। उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में यह भी कहा कि एक बार तो उनके मन में यह विचार आया कि ऐसे गमला चोरी करने वाले रईसों की तस्वीरें बड़े-बड़े चौराहों पर लगवा दी जाएं, ताकि सबको उनकी इस करतूत का पता चल सके।
सरकारी संपत्ति का सम्मान करें जनता
इस मजाकिया वाकये के जरिए मुख्यमंत्री ने जनता को एक गंभीर संदेश भी दिया। उन्होंने कहा कि सरकारी संपत्ति किसी एक व्यक्ति की निजी जागीर नहीं होती है, बल्कि यह आम जनता के टैक्स के पैसों से तैयार की जाती है। इसलिए इसे नुकसान पहुंचाना या चोरी करना पूरी तरह गलत है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने शहरों को सुंदर बनाने में प्रशासन का पूरा सहयोग करें और सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा को अपनी खुद की जिम्मेदारी समझें। सीएम योगी ने कहा कि अगर वही लोग नया गमला खरीदकर अपने घर में लगाते तो समाज में उनका सम्मान भी बना रहता और हमारा शहर भी सुंदर दिखता।
स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा भी की
इस कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा विभाग की एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक भी की थी। इस बैठक में उन्होंने राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने के कड़े निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारी अस्पतालों में इलाज, जरूरी जांच, दवाइयां और इमरजेंसी सेवाएं इस तरह की होनी चाहिए कि आम लोगों को उसका सीधा लाभ मिल सके। इसके साथ ही उन्होंने मेडिकल कॉलेजों, नर्सिंग संस्थानों और सुपर स्पेशियलिटी सेवाओं को आधुनिक तकनीक और बेहतर मैनेजमेंट के साथ और मजबूत करने के निर्देश दिए हैं।


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