15 साल पुरानी दुश्मनी ने एक परिवार को किया तबाह

khabar pradhan

संवाददाता

9 April 2025

अपडेटेड: 10:51 AM 0thGMT+0530

15 साल पुरानी दुश्मनी ने एक परिवार को किया तबाह

पिता की हत्या के बाद उनके बेटों ने 15 साल का बाद लिया इंतकाम

पिता की हत्या के बाद उनके बेटों ने 15 साल का बाद लिया इंतकाम

हरदोई के बेनीगंज इलाके में 2009 में महावत ने पैसे को लेकर हुए विवाद में मजदूर रामपाल की लाठियों से पीटकर हत्‍या कर दी थी। महावत ने इसकी सजा भुगती और 15 साल जेल काटकर बाहर आया। रामपाल के दोनों बेटों ने महावत की हत्‍या कर पिता का बदला ले लिया।

उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले में 15 वर्ष पहले जिस तरह पिता की हत्‍या हुई थी, बेटे ने उसी तरह पीट-पीटकर हत्‍यारे को मार डाला। वही बेनीगंज इलाके में मंगलवार सुबह हुई इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। साथ ही करीब 30 लोगों की भीड़ ने एक व्‍यक्ति की सरे आम पीट-पीटकर हत्‍या कर दी। इस भीड़ में युवतियां भी शामिल थीं। जो शख्‍स मारा गया, उसने 2009 में मुख्‍य आरोपी के पिता की इसी तरह से हत्‍या की थी।

हरदोई के पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार जादौन ने कहा कि 48 वर्षीय व्‍यक्ति महावत की हत्या के आरोप में सात युवतियां सहित 18 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। यह घटना एक स्थानीय निवासी के घर पर लगे सीसीटीवी में कैद हो गई है। वही पुलिस फुटेज को स्कैन कर रही है और गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों और गवाहों से पूछताछ कर रही है ताकि 12 अन्य आरोपियों का पता लगाया जा सके।

महावत उर्फ पंच पिछले वर्ष ही जेल से बाहर आया था। उसने अपने एक साथी ग्रामीण रामपाल की हत्या के लिए 15 वर्ष की सजा काटी थी। उसे उसने बेनीगंज में सार्वजनिक रूप से मौत के घाट उतार दिया था। आरोपियों का मानना है कि महावत ने डंडों से उनके पिता की हत्या कर दी थी। महावत 2009 में एक कपड़ों की दुकान में काम करता था, जब उसने पैसे को लेकर हुए झगड़े के बाद खेतों में काम करने वाले मजदूर रामपाल पर हमला कर दिया था। रामपाल के दो बेटे, राहुल और बीरू, उस समय क्रमशः सिर्फ 12 और 10 साल के थे।

महावत को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। वही पिछले वर्ष जेल से रिहा होने के बाद वह लखीमपुर जिले में बस गया, लेकिन भाग्य ने उसे वापस बेनीगंज बुला लिया गया। दूसरी ओर, राहुल और बीरू के दिल में इंतकाम की ज्‍वाला भड़क रही थी। दोनों ने बीते मंगलवार को कई लोगों के साथ महावत को उस जगह पर घेर लिया जहां 15 वर्ष पहले उनके पिता की हत्‍या हुई थी। जब तक मौके पर पुलिस नहीं पहुंच गई, लोगों ने महावत पर लाठियों से हमला करना जारी रखा।

एसपी ने कहा कि आरोपियों को कोई पछतावा नहीं है। राहुल और बीरू ने पुलिस को कहा कि महावत ने हमारे पिता को डंडों से मार डाला और हमने उसके साथ भी ऐसा ही किया।जो हुआ वह नियति से हुआ। साथ ही बस इसमें देरी हुई।

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