आतंकवाद के खिलाफ भारत की लड़ाई में अमेरिका का साथ
संवाददाता
6 May 2025
अपडेटेड: 9:29 AM 0thGMT+0530
ट्रंप प्रशासन ने की हरसंभव मदद की घोषणा
ट्रंप प्रशासन ने की हरसंभव मदद की घोषणा
पहलगाम आतंकी हमले और भारत-पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने भारत के प्रति अपनी मजबूत एकजुटता का ऐलान किया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने डंके की चोट पर कहा कि ट्रंप प्रशासन आतंकवाद के खिलाफ भारत की लड़ाई में हर मुमकिन मदद करेगा। यह बयान हाल के घटनाक्रमों, विशेष रूप से जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद आया है, जिसमें नौसेना अधिकारी लेफ्टिनेंट विकास नरवाल शहीद हो गए थे।
अमेरिकी विदेश विभाग की प्रवक्ता टैमी ब्रूस ने एक प्रेस ब्रीफिंग में कहा, “राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और विदेश सचिव मार्को रुबियो ने स्पष्ट किया है कि अमेरिका भारत के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। हम आतंकवाद के हर कृत्य की कड़ी निंदा करते हैं और इस जघन्य हमले के दोषियों को न्याय के कटघरे में लाने की मांग करते हैं।” उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका भारत को आतंकवाद से निपटने के लिए रक्षा, खुफिया जानकारी और अन्य संसाधनों के क्षेत्र में पूर्ण समर्थन देगा।
ट्रंप-मोदी की बातचीत
सूत्रों के अनुसार, राष्ट्रपति ट्रंप ने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बात की थी, जिसमें उन्होंने पहलगाम हमले पर संवेदना व्यक्त की और आतंकवाद के खिलाफ भारत के कड़े रुख का समर्थन किया। ट्रंप ने कहा, “भारत आतंकियों पर प्रहार करे, अमेरिका और पूरी दुनिया आपके साथ है।” यह बातचीत दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने का संकेत देती है।
अमेरिका की ओर से ठोस कदम
हाउस स्पीकर जॉनसन ने भी बयान जारी कर कहा, “भारत को आतंकवाद के खिलाफ दृढ़ रहना चाहिए, और अमेरिका इस प्रयास में अपनी पूरी ताकत से समर्थन देगा।” इसके अलावा, उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने भारत को हरसंभव सहायता देने का वादा किया है। अमेरिका ने खुफिया जानकारी साझा करने, रक्षा उपकरणों की आपूर्ति और आतंकवाद विरोधी अभियानों में सहयोग बढ़ाने की बात कही है।
पहलगाम हमले का पृष्ठभूमि
पहलगाम में हुए आतंकी हमले ने पूरे देश को झकझोर दिया था। इस हमले में शहीद लेफ्टिनेंट नरवाल के परिवार से मिलने के लिए कांग्रेस नेता राहुल गांधी आज करनाल पहुंचे हैं। इस घटना ने भारत-पाक तनाव को और गहरा कर दिया है, जिसके जवाब में भारत ने सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल और रक्षा तैयारियों को तेज कर दिया है।
भारत की प्रतिक्रिया
भारत ने अमेरिका के इस समर्थन का स्वागत किया है। विदेश मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा, “हम आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक सहयोग को महत्व देते हैं। अमेरिका का समर्थन हमारी संकल्प शक्ति को और मजबूत करता है।”
यह घोषणा न केवल भारत-अमेरिका संबंधों की गहराई को दर्शाती है, बल्कि वैश्विक स्तर पर आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता का संदेश भी देती है।