निशात रेप केस पर हिना खान का गुस्सा: ‘राक्षस हर धर्म में, शराब को बहाना मत बनाओ’

khabar pradhan

संवाददाता

7 May 2025

अपडेटेड: 7:58 AM 0thGMT+0530

निशात रेप केस पर हिना खान का गुस्सा: ‘राक्षस हर धर्म में, शराब को बहाना मत बनाओ’

निशात रेप केस पर हिना खान का गुस्सा: ‘राक्षस हर धर्म में, शराब को बहाना मत बनाओ’

श्रीनगर, 7 मई 2025: जम्मू-कश्मीर के निशात रेप केस ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। इस जघन्य अपराध पर मशहूर अभिनेत्री हिना खान ने कड़ा रुख अपनाते हुए अपनी बेबाक राय रखी है। उन्होंने समाज में व्याप्त गलत मानसिकता पर सवाल उठाए और अपराध के लिए शराब को बहाना बनाने की प्रवृत्ति की कड़ी निंदा की। हिना ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “ऐसे राक्षस हर धर्म, हर समुदाय में मौजूद हैं, जो सिर्फ मौके की तलाश में रहते हैं। शराब को इसके लिए जिम्मेदार ठहराना गलत है। हमें अपराधियों को सजा दिलाने पर ध्यान देना चाहिए, न कि बहाने बनाने पर।”
निशात रेप केस: क्या है पूरा मामला?
निशात, श्रीनगर में हाल ही में एक महिला के साथ यौन उत्पीड़न और हत्या का दिल दहलाने वाला मामला सामने आया है। इस घटना ने स्थानीय समुदाय में आक्रोश पैदा कर दिया और देशभर में महिला सुरक्षा को लेकर बहस छिड़ गई। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है, लेकिन अभी तक जांच पूरी नहीं हुई है। इस घटना ने एक बार फिर समाज में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों और उनसे निपटने के लिए प्रभावी कदमों की जरूरत को उजागर किया है।
हिना खान की दो टूक: अपराध का कोई धर्म नहीं
हिना खान, जो हमेशा सामाजिक मुद्दों पर अपनी राय बेबाकी से रखती हैं, ने इस मामले में न केवल अपराधियों की कड़ी निंदा की, बल्कि समाज के उस तबके को भी आड़े हाथों लिया, जो ऐसे अपराधों के लिए शराब या अन्य बहानों को जिम्मेदार ठहराता है। उन्होंने सोशल मीडिया और मीडिया साक्षात्कारों के जरिए कहा, “अपराधी का कोई धर्म, कोई समुदाय नहीं होता। ये लोग सिर्फ कमजोर पलों की तलाश में रहते हैं। हमें ऐसी मानसिकता को बदलने की जरूरत है, जो अपराध को जायज ठहराने के लिए बहाने ढूंढती है।”
हिना ने यह भी जोड़ा कि समाज को बलात्कार और यौन उत्पीड़न जैसे अपराधों के बीच अंतर को समझना चाहिए। उन्होंने कहा, “इन अपराधों को हल्के में लेना या उनके प्रति असंवेदनशील रवैया अपनाना समाज के लिए खतरनाक है। हमें सख्त कानूनों और जागरूकता के जरिए इन अपराधों को रोकना होगा।”
महिला सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
निशात रेप केस ने एक बार फिर देश में महिला सुरक्षा के मुद्दे को गरम कर दिया है। इस घटना के बाद कई संगठनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किए और सरकार से कठोर कार्रवाई की मांग की। विशेषज्ञों का मानना है कि केवल कानूनी कार्रवाई ही काफी नहीं है, बल्कि समाज में जागरूकता और लैंगिक समानता को बढ़ावा देने की जरूरत है।
हिना खान ने भी इस मुद्दे पर जोर देते हुए कहा, “हमें अपने बच्चों को बचपन से ही सम्मान और समानता की शिक्षा देनी होगी। यह केवल कानून का सवाल नहीं है, बल्कि हमारी सोच और संस्कृति को बदलने का समय है।”
सोशल मीडिया पर भी गूंजा हिना का बयान
हिना खान के इस बयान को सोशल मीडिया पर व्यापक समर्थन मिल रहा है। उनके प्रशंसकों और सामान्य लोगों ने उनकी बेबाकी की तारीफ की है। एक यूजर ने लिखा, “हिना ने बिल्कुल सही कहा। अपराधी को बचाने के लिए बहाने ढूंढना बंद करना होगा।” वहीं, एक अन्य यूजर ने लिखा, veículo “हिना जैसी हस्तियां जब ऐसे मुद्दों पर बोलती हैं, तो समाज में जागरूकता बढ़ती है।”
हालांकि, कुछ लोगों ने हिना के बयान को लेकर विवादास्पद टिप्पणियां भी कीं, लेकिन उनकी बात ने बहस को एक नई दिशा दी है।
आगे क्या?
निशात रेप केस की जांच अभी जारी है, और जनता की नजरें पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हैं। इस बीच, हिना खान जैसे प्रभावशाली व्यक्तित्वों के बयान समाज में बदलाव की उम्मीद जगाते हैं। यह घटना हमें याद दिलाती है कि महिला सुरक्षा और सामाजिक जागरूकता के लिए अभी लंबा रास्ता तय करना बाकी है।
हिना खान का यह बयान न केवल निशात रेप केस के संदर्भ में महत्वपूर्ण है, बल्कि यह समाज में गहरे बैठे पूर्वाग्रहों और बहानेबाजी को चुनौती देता है। अब सवाल यह है कि क्या हम इस मौके का इस्तेमाल समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए करेंगे?

टिप्पणियां (0)