Aja Ekadashi कब मनाए 19 अगस्त या 20 अगस्त! जानें सही पूजा विधि और शुभ मुहूर्त
संवाददाता
18 August 2025
अपडेटेड: 11:06 AM 0thGMT+0530
18 अगस्त 2025: अजा एकादशी पर सुख समृद्धि हेतु उपाय जानें
हिंदू धर्म में एकादशी का महत्व कुछ अधिक ही होता है। एकादशी की तिथि हर माह में दो बार आती है, एक कृष्ण पक्ष में और एक शुक्ल पक्ष में। एकादशी तिथि भगवान विष्णु को समर्पित होती है ।भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी 19 अगस्त को मनाई जा रही है। भाद्रपद का माह भगवान कृष्ण और भगवान गणेश के प्राकट्य दिवस के रूप में मनाया जाता है। यानी भाद्रपद का माह भगवान कृष्ण और भगवान गणेश जी के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है ।भाद्रपद माह में राधा अष्टमी भी आती है। भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी को अजा एकादशी के नाम से जाना जाता है।
एकादशी का व्रत करने से भगवान विष्णु की विशेष कृपा पाठ प्राप्त होती है।
आईए जानें अजा एकादशी के पूजन का शुभ मुहूर्त:
एकादशी की तिथि प्रारंभ हो रही है 18 अगस्त 2025 को शाम 5:22 बजे से।
और एकादशी समाप्त होगी 19 अगस्त को शाम 3:32 पर।
19 अगस्त को एकादशी का पूजन और व्रत किया जाएगा। 20 अगस्त को आज एकादशी का पारण होगा।
अजा एकादशी का व्रत और पूजा विधि:
सुबह जल्दी उठकर स्नानादि से निवृत हो स्वच्छ कपड़े धारण करें।
घर के मंदिर में एक चौकी पर पीले रंग का वस्त्र बिछाएं। लक्ष्मी नारायण की मूर्ति स्थापित करें और एक घी का दीपक जलाएं।
श्रद्धा के साथ भगवान विष्णु और लक्ष्मी जी का पूजन करें। भगवान विष्णु को पीले रंग के फूल और तुलसी दल अर्पित करें।
पुष्प, सुपारी, नारियल, फल, फूल, लौंग, धूप ,दीप ,पंचामृत ,अक्षत, तुलसीदल, चंदन, और मिष्ठान अर्पित करें।
पीले रंग की मिठाई का भोग लगाएं ।पंचामृत में तुलसी का पत्ता अवश्य डालें।
विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करें। विष्णु जी के मंत्रों का जाप करें । व्रत रखें। सात्विक भोजन करें और श्रद्धा के अनुसार दान पुण्य करें ।आरती करें और प्रसाद वितरित करें।
ओम नमो भगवते वासुदेवाय नमः का जप करें।
और ओम जय जगदीश हरे की आरती करें।
एकादशी तिथि के दिन कुछ उपाय करने से जीवन में सुख समृद्धि आती है और कष्टों से मुक्ति मिलती है।
आईए जाने कुछ उपाय:
1..आर्थिक परेशानियों से मुक्ति के लिए:
भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी को हल्दी की गांठ अर्पित करें । पूजन के बाद इस गांठ को अपनी तिजोरी में या पर्स में लाल कपड़े में बांधकर रखें। इससे आर्थिक परेशानियां दूर होती हैं।
2..परेशानियों से मुक्ति के लिए:
ओम नमो भगवते वासुदेवाय नमः का जाप करने से कष्टों से मुक्ति मिलती है।
3..गुरु ग्रह मजबूत करने के लिए:
शुद्ध जल में एक चुटकी हल्दी मिलाकर केले के पौधे में जल दें। इससे भगवान विष्णु की विशेष कृपा होती है।
4.. कार्य सिद्धि के लिए:
भगवान विष्णु को पीले रंग के फूल, पीले रंग के फल और पीली मिठाई अर्पित करें। ओम नमो भगवते वासुदेवाय नमः का जाप करें। विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करें और अपनी कार्य को सिद्ध करने हेतु प्रार्थना करें।