यादव परिवार में तूफान :प्रतीक- अपर्णा के तलाक की चर्चा हुई तेज:
संवाददाता
19 January 2026
अपडेटेड: 6:32 PM 0thGMT+0530
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के भाई प्रतीक यादव और अपर्णा यादव के तलाक की चर्चा:
उत्तर प्रदेश की राजनीति से इस वक्त एक बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है, जिसने समाजवादी परिवार और सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के भाई प्रतीक यादव और उनकी पत्नी अपर्णा यादव के रिश्ते को लेकर गंभीर विवाद की खबरें सामने आई हैं।
दावा किया जा रहा है कि प्रतीक यादव अपनी पत्नी अपर्णा यादव से तलाक लेने जा रहे हैं।
मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव को लेकर बड़ी खबर आ रही है कि वो अपनी पत्नी और भाजपा नेत्री अपर्णा यादव को तलाक देने की धमकी दी है। प्रतीक ने अपने इंस्टाग्राम प्रोफाइल पर अपर्णा की तस्वीर साझा करते हुए उन्हें फैमिली डिस्ट्रॉयर और बेहद स्वार्थी महिला करार दिया है। उन्होंने कहा कि अपर्णा को केवल अपनी फिक्र है और उन्हें उनकी मानसिक स्थिति की कोई परवाह नहीं है। प्रतीक ने अपनी शादी को बदकिस्मती बताते हुए जल्द तलाक देने की बात कही है. पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, प्रतीक और अपर्णा के बीच लंबे समय से अनबन चल रही है.
दरअसल, प्रतीक यादव के इंस्टाग्राम अकाउंट से एक बेहद आपत्तिजनक पोस्ट शेयर की गई, जिसमें अपर्णा यादव पर परिवार तोड़ने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए।
पोस्ट में प्रतीक यादव ने लिखा कि अपर्णा केवल प्रसिद्धि और प्रभाव चाहती हैं, उन्हें परिवार और उनकी मानसिक स्थिति की कोई परवाह नहीं है।
हालांकि इस पोस्ट के बाद मामला और उलझ गया, क्योंकि अपर्णा यादव के भाई अमन बिष्ट ने दावा किया है कि प्रतीक यादव का सोशल मीडिया अकाउंट हैक हो सकता है। उनका कहना है कि प्रतीक यादव से फोन पर संपर्क भी नहीं हो पा रहा है।
वंही कुछ खबरें दावा कर रहीं है कि पोस्ट सामने आने के बाद अपर्णा यादव ने फोन उठाना बंद कर दिया है। उनके सहयोगियों से भी संपर्क नहीं हो पा रहा। हालांकि अपर्णा यादव ने कथित तौर पर इतना जरूर कहा है कि ये उनका निजी पारिवारिक मामला है और वो इस पर कोई सार्वजनिक बयान नहीं देना चाहतीं।
अपर्णा यादव ने छोड़ा था समाजवादी पार्टी का दामन:
गौरतलब है कि अपर्णा यादव ने कुछ साल पहले समाजवादी पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी का दामन थामा था। वो इस समय बीजेपी राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष हैं और हाल ही में महाराष्ट्र बीएमसी चुनावों में भी बीजेपी के लिए प्रचार करती नजर आई थीं ।
इसी को लेकर राजनीतिक मतभेद पहले से ही चर्चा में रहे हैं। फिलहाल, न तो प्रतीक यादव की ओर से और न ही अपर्णा यादव के परिवार की तरफ से किसी आधिकारिक पुष्टि की गई है।
ऐसे में सवाल यही है कि क्या यह वाकई पारिवारिक कलह है, या फिर सोशल मीडिया हैकिंग का मामला ।