मध्य प्रदेश के किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी: भावांतर योजना रजिस्ट्रेशन आज से शुरू
संवाददाता
3 October 2025
अपडेटेड: 2:05 PM 0rdGMT+0530
3 अक्टूबर 2025 : मध्य प्रदेश के किसानों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है आज शुक्रवार 3 अक्टूबर से भावांतर योजना के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार ने किसानों के हित में एक अहम फैसला लेते हुए इस योजना को शुरू कर दिया है। कुछ दिन पहले ही मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस योजना को प्रदेश भर के किसानों के लिए लागू किया है। इसके योजना के तहत आज से इसका रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
आपको बता दें कि मध्य प्रदेश सरकार की भावांतर योजना किसानों के हित को ध्यान में रखते हुए शुरू की गई है। जैसा कि इसके नाम से ही पता चलता है कि यह योजना जिसके माध्यम से किसानों को फसल पर एमएसपी से कम दाम मिलते हैं ,तो फसल जो उचित दाम है ,जो किसान को मिलनी चाहिए या उसके बराबर आने वाली अंतर राशि, जितनी बनती है,उसकी भरपाई प्रदेश की मोहन सरकार करेगी।
जिससे किसानों को उनकी मेहनत का पूरा फल मिल सके । किसानों की फसलों के नुकसान को और उनकी मेहनत का उचित मूल्य दिलवाने के उद्देश्य से यह भावांतर योजना शुरू की गई है । आपको बताने की यह योजना केवल सोयाबीन की फसल के लिए ही है।
मध्य प्रदेश में भावांतर योजना के लिए आज 3 अक्टूबर से रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू हो गई है ।इस योजना का लाभ लेने के लिए प्रदेश के किसान 17 अक्टूबर तक आवेदन कर सकते हैं । यानी योजना का लाभ लेने के लिए रजिस्ट्रेशन की आखिरी तारीख 17 अक्टूबर है।
कौन से किसान इस योजना का लाभ ले सकते हैं:
इस योजना का लाभ प्रदेश के पंजीकृत किसानों को ही दिया जाएगा। जो किसान मंडी में फसल बेचने के लिए पहुंचते हैं ,उन्हीं किसानों को, जो पंजीकृत किसान है, उन्हें इस योजना का लाभ दिया जाएगा।
ऐसे किसान जो अपनी फसल को नहीं बेच पाते हैं या उन्हें एमएसपी की पूरी राशि नहीं मिल पाती है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोयाबीन के लिए एमएसपी 5328 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से घोषित किया है।
यदि किसान को एमएसपी से कम दाम मिल रहे हैं तो दो स्थितियों में किसान को इस योजना का लाभ मिल सकता है।
पहला यदि मंडी में रेट एमएसपी से कम है।
और यदि मंडी में रेट एमएसपी से कम है लेकिन राज्य सरकार के घोषित मॉडल रेट से ज्यादा है।
तो एमएसपी और मॉडल रेट का अंतर मोहन सरकार की ओर से दिया जाएगा।
कहां करेंगे रजिस्ट्रेशन:
मध्य प्रदेश की भावांतर योजना का लाभ लेने के लिए मध्य प्रदेश के ऑनलाइन केंद्र ,कियोस्क सेंटर ,ग्राम की समिति या फिर मंडियों में इसकी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
इन स्थानों पर इन स्थानों पर जानकारी के साथ रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया भी पूरी की जाती है । यदि आप पंजीकृत किसान हैं तो भावांतर योजना का लाभ लेने के लिए इन सेंटर पर जाकर रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं।
कौन से दस्तावेज है जरूरी:
किसान भावांतर योजना का लाभ लेने के लिए आपके पास आधार कार्ड, बैंक की पासबुक, और खेती से जुड़े हुए दस्तावेज होना जरूरी है ।यह सभी दस्तावेज आपको आवेदन के साथ संलग्न करना होगा।
भावांतर योजना आज 3 अक्टूबर से शुरू हो गई है और रजिस्ट्रेशन की लास्ट डेट 17 अक्टूबर है ।