चंद्रमौलेश्वर स्वरूप में: महाकाल नगर भ्रमण पर निकले
संवाददाता
22 July 2025
अपडेटेड: 1:06 PM 0ndGMT+0530
22 जुलाई 2025: सावन के दूसरे सोमवार पर बाबा महाकाल नगर भ्रमण पर निकले ।
बाबा महाकाल की एक झलक पाने के लिए श्रद्धालुओं का हुजूर उमड़ पड़ा। सावन के दूसरे सोमवार पर बाबा महाकाल चंद्रमौलेश्वर स्वरूप में पालकी में और मनमहेश रूप में हाथी पर नगर भ्रमण पर निकले।
महाकाल के नगर भ्रमण पर निकलते ही चारों ओर जय महाकाल के उद्घोष से वातावरण गूंज उठा । बाबा की सवारी के साथ हर कोई जय महाकाल के नारे लग रहा था और भक्ति के रंग में डूब रहा था।
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ,नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय
प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल भी मंजीरा और डमरू बजाते हुए महाकाल की सवारी में शामिल हुए।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बाबा महाकाल के दर्शन किए और सभा मंडप में पूजा की।
महाकाल की सवारी में तीन लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने महाकाल बाबा के दर्शन किए।
महाकाल की नगर भ्रमण पर 300 सदस्यों का पुलिस बैंड 8 जनजातियों के नृत्य दल 5.50 लाख से अधिक भक्त सवारी मार्ग पर शामिल हुए। इसमें से 15 हजार श्रद्धालु चलित भस्म आरती में शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव भी मंजीरे डमरू ढोल आदि वाद्य यंत्र बजाते हुए महाकाल की सवारी में शामिल हुए।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सवारी निकलने के पहले सभा मंडपम में मुख्य पुजारी पंडित घनश्याम शर्मा से महाकाल की पूजा करवाई ।इसके बाद रामघाट पर पूजन अभिषेक के बाद आरती में शामिल हुए। सवारी के साथ रामघाट तक मुख्यमंत्री भी नंगे पैर चले ।
महाकाल के दूसरे सोमवार के नगर भ्रमण में 4 किलोमीटर मार्ग में श्रद्धालुओं ने फूल बरसाए। 200 वैदिक बटुकों ने दत्त अखाड़ा पर मंत्रोपचार किया। 98 विद्यार्थियों ने बैंड के साथ प्रस्तुति दी । दो चलित रथ सवारी में और चार LED रथों से शहर में सीधा प्रसारण भी किया गया।