खूंखार मोची के कांड कर देंगे हैरान
संवाददाता
27 March 2025
अपडेटेड: 11:56 AM 0thGMT+0530

एसटीएफ को भी छकाने की तैयारी में था आरोपी
पटना में निजी कंपनी से लेवी मांगने और जेसीबी जलाने वाले कुख्यात नक्सली राम इकबाल मोची को एसटीएफ ने उसके घर से गिरफ्तार कर लिया है। इस पर विभिन्न थानों में बीस से अधिक मामले दर्ज हैं। कुख्यात राम इकबाल मोची उर्फ मधीर मोची 2019 से ही फरार चल रहा था।
खिरीमोड़ थाने के कोड़िहरा में सड़क निर्माण में लगी निजी कंपनी से लेवी मांगने का आरोपी नक्सली पुलिस के हत्थे चढ़ गया। इस खूंखार नक्सली ने लेवी नहीं देने पर सड़क निर्माण में लगी कंपनी के जेसीबी को आग में फूंक दिया था। लेकिन आखिर में राम इकबाल मोची उर्फ मधीर मोची को एसटीएफ की टीम ने उसके घर मसौढ़ी थाने के दिघमा गांव से बुधवार को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार उग्रवादी पहले एमसीसी में भी रहा है, जिसे एक समय में मुड़ीकटवा पार्टी भी कहा जाता था। मोची के खिलाफ मसौढ़ी, किंजर, खिरीमोड़ सहित अरवल जिले के शकूराबाद, गया के रजौली सहित कई थानों में रंगदारी और लेवी मांगने के केस दर्ज हैं। इसके अलावा मोची पर जेसीबी मशीन में आग लगाने का मुकदमा भी दर्ज है। इसके अलावा झारखंड के लातेहार से भी इसके तार जुड़े हैं। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार नक्सली के विरुद्ध अलग अलग थानों में बीस से अधिक मामले दर्ज है।
खिरीमोड़ थानाध्यक्ष प्रवीण रंजन ने बताया कि हार्डकोर नक्सलियों में शुमार रामइकबाल मोची के खिलाफ खिरीमोड़ थाने में ठेकेदार विवेकानंद सिंह ने 2019 में FIR दर्ज कराई थी। तब से आरोपी फरार चल रहा था। उन्होंने बताया कि ठेकेदार की ओर से पुलिस को प्राप्त आवेदन के अनुसार उस समय ग्रामीण कार्य विभाग के सौजन्य से खिरीमोड़ थानाक्षेत्र के जीवन बिगहा से लेकर खुशडिहरा तक ग्रामीण सड़क का निर्माण कराया जा रहा था। उस निर्माण कार्य में जेसीबी की भी सहायता ली जा रही थी। काम जोरशोर से चल रहा था।
इस बीच 6 जनवरी, 2019 को माओवादी संगठन के कार्यकर्ताओं ने अंधेरी रात का फायदा उठाते हुए सड़क निर्माण में लगी जेसीबी को नक्सलियों ने आग के हवाले कर दिया था। इसके दस दिन बाद नक्सलियों ने 16 जनवरी, 2019 को जली हुई जेसीबी पर लेवी की मांग करते हुए पर्चा चिपका दिया था।
थानाध्यक्ष ने बताया कि पुलिस को पता चला था कि आरोपी नक्सली अपने गांव में ही पहचान छुपाकर रह रहा है। जानकारी मिलने के बाद स्थानीय पुलिस और एसटीएफ की टीम ने संयुक्त रूप से छापेमारी कर उसे उसके घर से दबोच लिया। हालांकि मधीर मोची को पुलिस के आने की भनक लग चुकी थी। वह भागने के फिराक में था। लेकिन पुलिस के जवानों ने उसे उसके घर में दबोच लिया।