तेज प्रताप यादव का फेसबुक हैकिंग विवाद
संवाददाता
25 May 2025
अपडेटेड: 9:09 AM 0thGMT+0530
तेज प्रताप यादव का फेसबुक हैकिंग विवाद:
अनुष्का यादव कौन हैं? सच्चाई या अफवाह?
बिहार की सियासत में एक बार फिर हलचल मच गई है, और इस बार केंद्र में हैं राष्ट्रीय जनता दल (RJD) नेता तेज प्रताप यादव। उनकी एक फेसबुक पोस्ट ने सोशल मीडिया से लेकर राजनीतिक गलियारों तक तूफान ला दिया। इस पोस्ट में तेज प्रताप ने अनुष्का यादव नाम की एक महिला के साथ 12 साल के रिश्ते का दावा किया, लेकिन कुछ ही घंटों बाद उन्होंने इसे डिलीट कर दिया और दावा किया कि उनका अकाउंट हैक हो गया था। आखिर क्या है इस पूरे मामले की सच्चाई? कौन हैं अनुष्का यादव? और क्या वाकई तेज प्रताप का अकाउंट हैक हुआ था, या यह सिर्फ एक डिजिटल ड्रामा है? आइए, इस रहस्यमयी कहानी को गहराई से जानते हैं।
वायरल पोस्ट जिसने मचाया बवाल
24 मई 2025 को तेज प्रताप यादव ने अपने आधिकारिक फेसबुक अकाउंट पर एक भावुक पोस्ट शेयर की, जिसमें उन्होंने लिखा, “मैं तेज प्रताप यादव और मेरे साथ इस तस्वीर में जो दिख रही हैं, उनका नाम अनुष्का यादव है! हम दोनों पिछले 12 सालों से एक दूसरे को जानते हैं और प्यार भी करते हैं।” इस पोस्ट के साथ एक तस्वीर भी थी, जिसमें तेज प्रताप किसी महिला के साथ नजर आ रहे थे। यह पोस्ट देखते ही देखते वायरल हो गई, और सोशल मीडिया पर लोगों ने तरह-तरह की अटकलें लगानी शुरू कर दीं। कुछ ने इसे तेज प्रताप की निजी जिंदगी का खुलासा माना, तो कुछ ने इसे एक सियासी चाल करार दिया।
लेकिन यह ड्रामा यहीं खत्म नहीं हुआ। कुछ ही घंटों बाद यह पोस्ट उनके फेसबुक अकाउंट से गायब हो गई। तेज प्रताप ने एक नया बयान जारी कर दावा किया कि उनका अकाउंट हैक कर लिया गया था और यह पोस्ट फर्जी थी। उन्होंने यह भी कहा कि तस्वीर को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के जरिए बनाया गया था, ताकि उन्हें और उनके परिवार को बदनाम किया जाए। इस बयान ने मामले को और रहस्यमयी बना दिया।
हैकिंग का दावा: सच या बचाव का रास्ता?
तेज प्रताप यादव का यह कहना कि उनका फेसबुक अकाउंट हैक हो गया था, कई सवाल खड़े करता है। सोशल मीडिया पर उनके फैंस और आलोचक दो खेमों में बंट गए हैं। एक तरफ उनके समर्थक मानते हैं कि यह एक साजिश थी, जिसका मकसद RJD और यादव परिवार की छवि को धूमिल करना था। दूसरी तरफ, कुछ लोग इसे तेज प्रताप की ओर से डैमेज कंट्रोल का प्रयास मान रहे हैं।
सोशल मीडिया पर एक यूजर ने तंज कसते हुए लिखा, “पहले प्रेम, फिर पोस्ट… फिर हैकिंग की होस्ट।” यह टिप्पणी इस पूरे मामले को हल्के-फुल्के अंदाज में देखने वालों की सोच को दर्शाती है। कुछ यूजर्स ने सवाल उठाया कि अगर अकाउंट हैक हुआ था, तो इतनी जल्दी पोस्ट डिलीट करने और बयान जारी करने की क्या जरूरत थी? क्या यह सिर्फ एक पब्लिक रिलेशन स्टंट था?
साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि किसी सोशल मीडिया अकाउंट को हैक करना और इतने कम समय में एक तस्वीर के साथ भावुक पोस्ट डालना तकनीकी रूप से संभव है, लेकिन यह इतना आसान भी नहीं है। अगर यह सचमुच हैकिंग थी, तो यह एक सुनियोजित साजिश हो सकती है। लेकिन अगर यह हैकिंग नहीं थी, तो तेज प्रताप का यह कदम उनकी निजी जिंदगी को लेकर उठ रहे सवालों से ध्यान हटाने की कोशिश हो सकती है।
अनुष्का यादव: रहस्यमयी शख्सियत
इस पूरे विवाद में सबसे बड़ा सवाल है कि आखिर अनुष्का यादव कौन हैं? तेज प्रताप की पोस्ट में जिस अनुष्का यादव का जिक्र था, उनके बारे में कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई है। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने अनुमान लगाया कि यह तेज प्रताप की निजी जिंदगी से जुड़ा कोई नाम हो सकता है, लेकिन उनके हैकिंग के दावे के बाद यह सवाल और गहरा गया कि क्या अनुष्का यादव वाकई कोई रियल शख्सियत हैं, या सिर्फ एक काल्पनिक नाम?
कुछ लोगों ने इसे तेज प्रताप की पूर्व पत्नी ऐश्वर्या राय से जोड़कर भी देखा, लेकिन इसकी कोई पुष्टि नहीं हुई। तेज प्रताप और ऐश्वर्या का तलाक 2018 में ही हो चुका है, और तब से उनकी निजी जिंदगी को लेकर कई अफवाहें सामने आती रही हैं। अनुष्का यादव का नाम इस कहानी में एक नया ट्विस्ट लाया है, लेकिन उनके बारे में कोई आधिकारिक जानकारी न होने से यह रहस्य और गहरा गया है।
सियासी गलियारों में हलचल
तेज प्रताप यादव का यह विवाद सिर्फ सोशल मीडिया तक सीमित नहीं रहा। बिहार की सियासत में भी इसकी गूंज सुनाई दी। RJD के कुछ नेताओं ने इस मामले को विपक्ष की साजिश करार दिया, जबकि विपक्षी दलों ने इसे तेज प्रताप की निजी जिंदगी का ड्रामा बताया। कुछ राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह विवाद RJD की छवि पर असर डाल सकता है, खासकर तब जब बिहार में विधानसभा चुनाव नजदीक हैं।
तेज प्रताप हमेशा से अपनी बयानबाजी और अनोखे अंदाज के लिए चर्चा में रहे हैं। चाहे वह भगवान कृष्ण के प्रति उनकी भक्ति हो या फिर उनके अनोखे सोशल मीडिया पोस्ट, वह हमेशा सुर्खियों में रहते हैं। लेकिन इस बार का मामला उनकी निजी जिंदगी से जुड़ा होने के कारण और भी संवेदनशील हो गया है।
सोशल मीडिया का रिएक्शन: हंसी-मजाक से लेकर सवाल
सोशल मीडिया पर इस मामले ने लोगों का ध्यान खूब खींचा। कुछ यूजर्स ने इसे मजाक का विषय बनाया, तो कुछ ने तेज प्रताप के दावे पर सवाल उठाए। एक यूजर ने लिखा, “अगर अकाउंट हैक हुआ था, तो इतनी जल्दी कैसे रिकवर हो गया? और अगर तस्वीर AI से बनी थी, तो इतनी जल्दी कैसे पता चल गया?” वहीं, कुछ फैंस ने तेज प्रताप का समर्थन करते हुए कहा कि यह उनके खिलाफ एक सुनियोजित साजिश है।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि सोशल मीडिया कितनी तेजी से किसी भी खबर को वायरल कर सकता है। तेज प्रताप की इस पोस्ट ने न केवल उनके फॉलोअर्स को चौंकाया, बल्कि पूरे देश में चर्चा का विषय बन गया।
क्या कहती है सच्चाई?
तेज प्रताप यादव का यह दावा कि उनका अकाउंट हैक हो गया था, अभी तक पूरी तरह साबित नहीं हुआ है। न ही अनुष्का यादव के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी सामने आई है। यह मामला या तो एक साइबर अपराध का नतीजा हो सकता है, या फिर तेज प्रताप की ओर से अपनी निजी जिंदगी को लेकर उठ रहे सवालों से बचने की कोशिश।
फिलहाल, इस मामले की जांच की मांग उठ रही है। अगर यह हैकिंग का मामला है, तो साइबर क्राइम सेल इसकी तह तक जा सकती है। लेकिन अगर यह एक सुनियोजित ड्रामा है, तो यह तेज प्रताप की छवि को और नुकसान पहुंचा सकता है।
रहस्य बरकरार
तेज प्रताप यादव का यह फेसबुक विवाद एक बार फिर साबित करता है कि उनकी जिंदगी किसी बॉलीवुड फिल्म से कम नहीं। अनुष्का यादव का नाम, हैकिंग का दावा और वायरल पोस्ट ने इस कहानी को एक रहस्यमयी मोड़ दे दिया है। सच्चाई जो भी हो, इसने बिहार की सियासत और सोशल मीडिया को एक नया मसाला जरूर दे दिया है। क्या यह एक साइबर साजिश थी, या तेज प्रताप की निजी जिंदगी का एक और ड्रामा? इसका जवाब तो वक्त ही देगा।