दिल्ली में जल संकट: पंजाब-हरियाणा विवाद ने बढ़ाई मुश्किलें
संवाददाता
1 May 2025
अपडेटेड: 3:36 PM 0stGMT+0530
बीजेपी ने लगाए गंभीर आरोप
पंजाब और हरियाणा के बीच पानी को लेकर चल रहा विवाद अब दिल्ली तक पहुंच गया है। इस मुद्दे ने राष्ट्रीय राजधानी में जल संकट की आशंका को और गहरा दिया है। दिल्ली सरकार में बीजेपी के एक प्रमुख मंत्री ने पंजाब की आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि पंजाब सरकार जानबूझकर दिल्ली और हरियाणा को पानी की आपूर्ति रोक रही है, जिससे दिल्ली की जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
मंत्री का कहना है कि पंजाब सरकार अपनी राजनीतिक हार का बदला लेने के लिए इस तरह के कदम उठा रही है। उनका आरोप है कि पंजाब ने हरियाणा के हिस्से का पानी रोक दिया है, जिसका सीधा असर दिल्ली की जल आपूर्ति पर पड़ रहा है। दिल्ली, जो अपनी पानी की जरूरतों के लिए हरियाणा पर निर्भर है, अब इस विवाद की चपेट में आ गई है। दिल्ली में पहले से ही गर्मी के मौसम में पानी की किल्लत एक बड़ी समस्या रही है, और इस नए विवाद ने स्थिति को और जटिल कर दिया है।
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि हरियाणा पहले ही अपने हिस्से का पानी ले चुका है। उनके अनुसार, पंजाब के पास अब अतिरिक्त पानी नहीं है जो वह अन्य राज्यों को दे सके। दूसरी ओर, हरियाणा सरकार ने केंद्र से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है। इस बीच, दिल्ली के निवासियों में पानी की कमी को लेकर चिंता बढ़ रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर यह विवाद जल्द हल नहीं हुआ तो गर्मी के मौसम में स्थिति और खराब हो सकती है। विशेषज्ञों का मानना है कि पानी के बंटवारे को लेकर राज्यों के बीच समझौता और केंद्र सरकार की सक्रिय भूमिका ही इस समस्या का स्थायी समाधान हो सकती है। फिलहाल, दिल्ली सरकार ने लोगों से पानी का समझदारी से उपयोग करने की अपील की है, जबकि बीजेपी और आप के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है।
इस विवाद ने एक बार फिर अंतर-राज्यीय जल बंटवारे की जटिलताओं को उजागर किया है। दिल्ली, हरियाणा और पंजाब के बीच सहयोग के बिना इस समस्या का समाधान मुश्किल नजर आ रहा है।