सेवा से सेवानिवृत एक जेल प्रहरी से गैस एजेंसी दिलाने के नाम पर ठगे 20 लाख रुपए:
संवाददाता
14 January 2026
अपडेटेड: 4:06 PM 0thGMT+0530
जबलपुर शहर से धोखाधड़ी का एक ऐसा मामला सामने आया है ,जिसमें सेवा से सेवानिवृत जेल प्रहरी से ही 20 लाख रुपए ठग लिए गए।
नेताजी सुभाष चंद्र बोस केंद्रीय कार्यालय के क्वार्टर में रहने वाले धीरेंद्र द्विवेदी हाल ही में सेवा से रिटायर हुए। उसके बाद में जेल प्रहरी बन गए । साल 2022 में वह जबलपुर सेंट्रल जेल में पदस्थ रहे। वर्तमान में वे सागर जेल में पदस्थ हैं। उनकी पहचान एक अन्य जेल प्रहरी जितेंद्र धाकड़ से हुई।
इसी दौरान उसके ही दो साथी जेल प्रहरियों ने अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर उसकी पत्नी के नाम गैस एजेंसी दिलाने का झांसा दिया । इन चारों आरोपियों ने उसे फर्जी लाइसेंस भी थमा दिए। किंतु जब उसे ठगी का एहसास हुआ ,तो धीरेंद्र द्विवेदी ने रकम वापस मांगी ,किंतु रकम वापस नहीं मिली । इस मामले में FIR दर्ज किया गया।
सिविल लाइन पुलिस ने सभी आरोपियों पर धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज बनाने ,आपराधिक षडयंत्र और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।