31 अगस्त 2026:
मध्य प्रदेश
सतना/सीधी/शहडोल:
विंध्य और शहडोल संभाग में तेज बारिश से नदियां उफान पर हैं। सतना जिले के चित्रकूट में मंदाकिनी और सेमरावल नदियों में आई भयावह बाढ़ आई हुई है। जिसमें  पानी में डूबने से दो लोगों की मौत हो गई। इनमें से एक दृष्टिहीन बुजुर्ग हैं। कुल 10 करोड़ रुपए से ज्यादा की संपत्ति के नुकसान का अनुमान है। मंदाकिनी का जलस्तर घटने के बाद कल  रविवार को तबाही का मंजर सामने आया।  जिसमें कई भवन धराशायी हो गए और गलियां कीचड़ से भर गईं।
मुख्यमंत्री मोहन यादव पीड़ितों से मिलने पहुंचे:
सीएम डॉ. मोहन यादव ने चित्रकूट से के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों और राहत शिविरों का जायजा लिया। वे रामधाम मोहल्ले में कीचड़ से भरे रास्तों पर पैदल चलकर पीड़ितों के घर पहुंचे और उन्हें सांत्वना दी। सीएम ने प्रभावितों को कपड़े और राशन दिया। अफसरों को घर-घर सर्वे कर तुरंत भरपाई के निर्देश दिए। उन्होंने प्रशासनिक अफसरों को तीन दिन तक चित्रकूट में ही कैंप करने को कहा। सीएम ने कहा कि अतिवृष्टि के साथ-साथ अनावश्यक अतिक्रमण भी बाढ़ का कारण है। इसकी रिपोर्ट तलब की गई है। उन्होंने कहा कि यहां विकास तो हो, लेकिन आस्था के अनुरूप निर्माण होने चाहिए।

बाणसागर बांध हुआ लबालब:

शहडोल जिले में बाणसागर बांध के रविवार को 6 गेट खोले गए। सीधी प्रशासन ने सोन नदी के तटीय क्षेत्रों में अलर्ट जारी किया है। सीधा में गुलाबसागर बांध के 3 गेट खोलने से महान नदी उफान पर आ गई। नतीजतन देवरक्ष पुल जलमग्न होने से खड्ड्डी-परसिली मार्ग पर आवागमन बंद कर दिया गया। शहडोल में भी कुनुक और भैंसुल नदियों के उफान पर होने से छत्तीसगढ़ व स्थानीय ग्रामीण संपर्क मार्ग ठप हो गए हैं।

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