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22 June 2026:

3 मई को आयोजित हुई परीक्षा को प्रश्नपत्र लीक (Paper Leak) होने के कारण रद्द कर दिया गया था।इसके बाद रविवार को यह परीक्षा दोबारा आयोजित की गई।
डॉक्टर बनने का सपना लिए 20 लाख से अधिक अभ्यर्थी इस परीक्षा में दोबारा शामिल हुए।

कुल पंजीकरण (Registration): परीक्षा के लिए कुल 22,79,000 छात्रों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से 2 लाख से अधिक छात्र अनुपस्थित रहे।

परीक्षा केंद्र और भाषाएं: यह परीक्षा देश भर के 551 शहरों में 5,440 (या 5,454) केंद्रों और विदेशों के 14 केंद्रों पर एक साथ आयोजित की गई। परीक्षा हिंदी और अंग्रेजी समेत 13 भाषाओं में आयोजित की गई थी।

कड़ी सुरक्षा व्यवस्था: परीक्षा को निष्पक्ष कराने के लिए 7,00000 से अधिक पुलिसकर्मी, पर्यवेक्षक और अधिकारी तैनात किए गए थे।

बड़ा बदलाव (CBT Mode): नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने फैसला लिया है कि अगले साल से यह परीक्षा पेन-पेपर (OMR) के बजाय CBT (कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट) के जरिए आयोजित की जाएगी।

  1. इंदौर में फर्जी पेपर बेचने वाला युवक गिरफ्तार

इंदौर की क्राइम ब्रांच और एसआईटी (SIT) ने अक्षय मालवीय नामक एक युवक को गिरफ्तार किया है।
वह चैट जीपीटी (ChatGPT) की मदद से फर्जी पेपर तैयार कर उसे नीट-2026 का असली पेपर बताकर बेच रहा था।
उसने सोशल मीडिया के जरिए लगभग 200 से अधिक छात्रों से पैसे ऐंठकर धोखाधड़ी की बात कबूल की है। आरोपी के खिलाफ आईटी एक्ट और धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है।

  1. मध्य प्रदेश (MP) के आंकड़े
    राज्य में कुल पंजीकरण: 1,18,170 छात्र
    परीक्षा में शामिल हुए: 1,05,644 छात्र
    अनुपस्थित रहे: 12,526 छात्र

इंदौर शहर का हाल: इंदौर में 20,882 छात्रों ने परीक्षा दी, जबकि 2,207 छात्र अनुपस्थित रहे।

  1. प्रधानमंत्री की संवेदनशीलता का उदाहरण
    दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छात्रों के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए एक अनूठा उदाहरण पेश किया।
    दोपहर में जब उनका विमान दिल्ली के पालम हवाई अड्डे पर उतरा, तो उन्होंने अपने काफिले को वहीं रोकने का निर्देश दिया और लगभग 45 मिनट तक वीवीआईपी लाउंज में इंतजार किया। ऐसा इसलिए किया गया ताकि उनके वीवीआईपी मूवमेंट के कारण लुटियंस दिल्ली में ट्रैफिक न रोकना पड़े और नीट परीक्षा केंद्रों की ओर जा रहे छात्रों को देरी न हो।

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