सदस्यता जाने के बाद हाई कोर्ट पहुंचे कांग्रेस नेता राजेंद्र भारती, क्या बच पाएगी विधायकी?
संवाददाता
7 April 2026
अपडेटेड: 1:28 PM 0thGMT+0530
7 अप्रैल 2026
भोपाल/दतिया:
मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट से विधायक रहे कांग्रेस नेता राजेंद्र भारती की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। अपनी विधायकी रद्द होने के फैसले को चुनौती देने के लिए अब उन्होंने हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। इस मामले पर आज सुनवाई होनी है, जिस पर पूरे प्रदेश की नजरें टिकी हैं।
क्या है पूरा मामला?
राजेंद्र भारती को दिल्ली की एमपी-एमएलए कोर्ट ने बैंक धोखाधड़ी के 27 साल पुराने एक मामले में 3 साल की सजा सुनाई है। इस सजा के आधार पर 2 अप्रैल को विधानसभा सचिवालय ने उनकी सदस्यता रद्द कर दी थी।
राजेंद्र भारती ने अपनी याचिका में सजा पर रोक लगाने की मांग की है।
अगर हाई कोर्ट उनकी सजा पर स्टे लगा देता है, तो उनकी विधानसभा सदस्यता बहाल होने का रास्ता साफ हो सकता है।
पर अगर कोर्ट से तुरंत राहत नहीं मिलती, तो चुनाव आयोग दतिया सीट पर जल्द ही उपचुनाव की घोषणा कर सकता है।
समितियों से भी किया गया बाहर
विधायकी जाने के बाद राजेंद्र भारती को तगड़ा झटका लगा है। उन्हें विधानसभा की महत्वपूर्ण प्राक्कलन समिति और सदस्य सुविधा समिति से भी हटा दिया गया है। आज विधानसभा में होने वाली वित्तीय और अन्य समितियों की संयुक्त बैठक में अब उनकी जगह दूसरे सदस्यों के नाम पर विचार किया जा सकता है।
राजेंद्र भारती ने 2023 के चुनाव में बीजेपी के दिग्गज नेता और पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा को हराया था। अब उनकी सदस्यता रद्द होने के बाद दतिया में फिर से चुनावी माहौल गरमा गया है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने पहले ही चुनाव आयोग को सीट खाली होने की जानकारी दे दी है, जिससे उपचुनाव की सुगबुगाहट तेज हो गई है।
आज की सुनवाई अहम: आज का फैसला तय करेगा कि दतिया में फिर से वोट डाले जाएंगे या राजेंद्र भारती की कुर्सी सुरक्षित रहेगी।
नरोत्तम मिश्रा को हराने के बाद भारती का इस तरह मुश्किल में फंसना कांग्रेस के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है।