मोबाइल पर गेम खेलने की लत ने लीबच्चे की जान:
संवाददाता
4 February 2026
अपडेटेड: 5:03 PM 0thGMT+0530
इकलौते बेटे की मौत से परिवार में सदमे का माहौल:
मोबाइल गेम खेलने की लत से एक हंसता पर खेलता परिवार टूट गया।
एक 14 वर्षीय किशोर ने फांसी का फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली इससे घर के सभी लोग सदमे में है।
जिस वक्त यह घटना हुई वह घर पर अकेला था मैच 14 साल की उम्र में उसने यह आत्मघाती कदम क्यों उठाया परिवारजन अभी समझ नहीं पा रहे हैं।
जांच में पता चला है कि 14 वर्षीय किशोर को ऑनलाइन गेम खेलने का शौकीन था जांच की जा रही है कि उसे कोई खेल में टास्क तो नहीं मिला था।
श्री राम कॉलोनी के छत्रसाल नगर निवासी नितिन साहू अपने परिवार के साथ रहते हैं वे और उनकी पत्नी शिक्षक हैं सोमवार को उनके ससुर की 13वीं थी ससुराल पक्ष भी छत्रसाल नगर में ही रहता है सुबह वह पत्नी को साथ लेकर ससुराल गए थे जबकि उनके पुत्र अंश जिसकी उम्र 14 वर्ष है वह घर पर ही रुक गयाथा।
दोपहर बाद जब घर आए तो उन्होंने अंश को आवाज़ लगाई कोई आहत नहीं होने पर दरवाजा खटखटाया पर फिर भी कोई जवाब नहीं मिला दरवाजा खोलकर अंदर देखा तो अंश फांसी के फंदे पर लटका हुआ था।
तुरंत अस्पताल लेकर गए किंतु तब तक उसकी सांसे रुक गई थी।
पिता ने बताया कि उसे मोबाइल में गेम खेलने का शौक था तो परिवार वाले दो मोबाइल छुपा कर रख देते थे पिपलानी पुलिस ने बताया कि अंश के ऑनलाइन गेम के शौकीन होने की जानकारी सामने आई है हालांकि परिवार ने अभी इस विषय पर कुछ भी नहीं कहा है परंतु जांच में इस एंगल को भी शामिल किया गया है कल मंगलवार को मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है।
परिवार वाले इकलौते बेटे की मौत से सदमे में है।
आयुर्वेद में मोरिंगा को लंबे समय से औषधीय गुणों वाला पौधा माना जाता है। शोधकर्ताओं का कहना है कि शुरुआती वैज्ञानिक प्रमाण इस दिशा में सकारात्मक संकेत देते हैं, हालांकि बड़े स्तर पर क्लिनिकल अध्ययन अभी जरूरी हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि भविष्य में मोरिंगा आधारित सैनिटरी उत्पाद महिलाओं के लिए अधिक सुरक्षित, आरामदायक और संक्रमण-रोधी विकल्प बन सकते हैं।