23 अप्रैल 2026:
मध्य प्रदेश/ इंदौर:
इंदौर में लॉरेंस गैंग के नाम पर वसूली की धमकियों के मामले में एक बदमाश जिसका नाम राजपाल सिंह चंद्रावत है ,उसे रिमांड पर लिया गया है । पूछताछ में खुलासा हुआ कि इंदौर के कई बड़े कारोबारी ,कई बड़े बिजनेसमैन उनके निशाने पर थे।  पुलिस इस गैंग के नेटवर्क की जांच कर रही है।

दरअसल हाल ही में इंदौर में एक के बाद एक बड़े कारोबारियों को लॉरेंस गैंग द्वारा धमकियां मिल रही थी।  इस मामले में अब क्राइम ब्रांच इंदौर ने लॉरेंस बिश्नोई गैंग के एक बदमाश राजपाल सिंह चंद्रावत को खरगोन जेल से रिमांड पर लिया है।

कई बड़े कारोबारी और बिजनेसमैन थे उनकी लिस्ट में:
आपको बता दें कि कुछ दिन पहले बिल्डर विवेक दमानी, प्रॉपर्टी ब्रोकर और पंप संचालक चेतन सिंह पवार, कुंवर सिंह भूरिया की रेकी की गई।  और इसके बाद इन्हें धमकियां मिलना शुरू हुई । शुरुआती पूछताछ में पता चला कि इंदौर के कई रियल स्टेट कारोबारी और बड़े बिजनेसमैन उनके निशाने पर थे। पहले ये सभी की जानकारियां जुटाते थे और फिर  इस आधार पर इनको धमकाया जाता  था।
डीसीपी क्राइम राजेश त्रिपाठी ने बताया कि कॉटन कारोबारी दिलीप सिंह राठौड़ को धमकी देकर 10 करोड़ मांगने का आरोप चंद्रावत पर लगाया गया है । रुपए नहीं देने पर घर पर फायरिंग की गई थी और इसमें भी चंद्रावत का हाथ बताया जा रहा था।
इसके पास 5 बैंक खाता मिले हैं।  जिसमें से एक खाते में अमेरिका से हैरी बॉक्सर ने ट्रांजैक्शन किया है।
चंद्रावत सीधे लॉरेंस गैंग से जुड़ा हुआ है और कुछ साल पहले तिहाड़ जेल में उससे मिल चुका है।  इसके बाद से  वह मध्य प्रदेश में एक गैंग बनाकर काम करने लगा ।
चंद्रावत की रेकी पर ही हैरी बॉक्सर ने दिलीप सिंह राठौड़ को 10 करोड़ की वसूली के फोन लगवाएं ।‌ रुपए नहीं देने पर रेकी कराई और बदमाशों से फायरिंग कराई।
इसके अलावा और भी कई बिल्डरों को भी धमकी मिल चुकी है । जिसमें कुछ ऐसे भी हैं जिन्होंने पुलिस को रिपोर्ट नहीं कराई । कुछ तो ऐसे हैं जिन्होंने गैंग को करोड़ों रुपए दिया भी है । जिसके बाद से उनके हौसले बढ़ गए। और अब क्राइम ब्रांच इंदौर ने लॉरेंस गैंग के इस बदमाश राजपाल सिंह चंद्रावत को रिमांड पर लिया है। पूछताछ में और भी खुलासे होने की उम्मीद है।

अब तक किसको किसको मिली लॉरेंस गैंग की तरफ से धमकी:
इंदौर के बिल्डर विवेक दमानी से 5 करोड़ की फिरौती मांगी गई।
प्रॉपर्टी कारोबारी और पंप संचालक चेतन पवार और उसके पार्टनर कुंवर भूमिया से 10 करोड रुपए की फिरौती मांगी।
कॉलेज संचालक रंजन मित्तल को धमकी वाले फोन किए गए।
तुकोगंज के कारोबारी संजय मोगरा को 15 करोड़ की धमकी मिली।
मेवाड़ अस्पताल के संचालक किशनगंज विक्रम नेवाडा से 5 करोड़ की फिरौती मांगी गई।