डिफेंस कॉरिडोर घोटाले की जांच में आया नया मोड़
संवाददाता
27 March 2025
अपडेटेड: 11:55 AM 0thGMT+0530

पूर्व डीएम समेत 16 अफसर चढ़े हथ्थे
उत्तरप्रदेश में डिफेंस कॉरिडोर के जमीन अधिग्रहण घोटाले में भटगांव के कई सफेदपोश बेनकाब होंगे। वही अबतक की जांच में पूर्व डीएम अभिषेक प्रकाश समेत 16 अफसर दोषी भी पाए गए हैं। सियासी चेहरों पर भी आंच पहुंच सकती है। मुख्यमंत्री योगी ने दोषियों पर कार्रवाई की अनुमति दे दी है।
उत्तरप्रदेश में बनने वाले डिफेंस कॉरिडोर के लिए भटगांव के जमीन अधिग्रहण घोटाले में अभी कई और सफेदपोश बेनकाब होंगे। जिन नामों पर जमीन की रजिस्ट्री कर मुआवजे का खेल किया उनके पीछे के चेहरे भी तलाशे भी जाएंगे, जिसकी आंच अफसरों के साथ ही सियासी चेहरों तक भी पहुंच सकती है। फिलहाल, जांच रिपोर्ट की मंजूरी के बाद पूर्व डीएम अभिषेक प्रकाश सहित 16 चेहरों पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
राजस्व परिषद के तत्कालीन चेयरमैन रजनीश दुबे की रिपोर्ट में वर्ष 2021 में हुए जमीन अधिग्रहण में तत्कालीन डीएम, एडीएम, चार एसडीएम, चार तहसीलदार के अलावा नायब तहसीलदारों को दोषी ठहराते हुए कार्रवाई की सिफारिश की गई थी। इन पर कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के साथ ही शासन ने 1985 के बाद अधिग्रहीत जमीन से जुड़े अभिलेखों में हुए हर बदलाव का परीक्षण कर उसकी जवाबदेही तय करने के निर्देश दिए हैं।
ऐसे में इसका दायरा पहले तैनात रहे अफसरों तक भी बढ़ेगा। इसके साथ ही अधिग्रहण से बची जमीन के खरीद-फरोख्त पर रोक लगाने के आदेश भी लखनऊ डीएम को दिए गए हैं। गलत ढंग से मुआवजा पाने वालों से भी वसूली की जाएगी।
डिफेंस कॉरिडोर जमीन घोटाले में आईएएस अभिषेक प्रकाश समेत कुल 16 अफसर दोषी पाए गए हैं। ये सभी अधिकारी राजस्व परिषद के अध्यक्ष रजनीश दुबे की जांच रिपोर्ट में दोषी पाए गए है। जांच में दोषी पाए जाने के बाद सीएम योगी ने सभी अधिकारियों पर कार्रवाई की अनुमति दे दी है। इसमें अभिषेक प्रकाश के अलावा तत्कालीन एडीएम (प्रशासन) अमर पाल सिंह, 4 तत्कालीन एसडीएम और 4 तत्कालीन तहसीलदारों के साथ ही अन्य अधिकारी भी शामिल है। आईएएस अभिषेक प्रकाश के खिलाफ पहले ही निलंबन की कार्रवाई हो चुकी है। बाकी बचे अधिकारियों पर भी सख्त कार्रवाई हो सकती है।