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18 अप्रैल 2026

भोपाल:
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से जालसाजी का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक सहकारी समिति के कर्मचारी ने किसानों के भरोसे का फायदा उठाते हुए उनके खून-पसीने की कमाई पर हाथ साफ कर दिया। पुलिस ने इस मामले में कर्मचारी, उसके बेटे और दो दोस्तों समेत कुल चार लोगों को गिरफ्तार किया है।
कैसे हुई धोखाधड़ी
ईटखेड़ी पुलिस के अनुसार, रामनगरी प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति में काम करने वाले एक कर्मचारी ने किसानों से क्रेडिट कार्ड की किस्तों के नाम पर मोटी रकम वसूली थी। आरोपी ने किसानों को विश्वास में लेकर उनसे करीब 41.94 लाख रुपये जमा कराए, लेकिन इन पैसों को बैंक खाते में जमा करने के बजाय खुद की जेब में रख लिया।
जांच में हुए चौंकाने वाले खुलासे
जब किसानों को पता चला कि उनकी किस्तें जमा नहीं हुई हैं, तो उन्होंने इसकी शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने जब सख्ती से पूछताछ की, तो परतें खुलती चली गईं:
आरोपी ने गबन की गई राशि में से 33 लाख रुपये अपने बेटे और उसके दोस्तों की मदद से जमीन के अंदर दो फीट नीचे गाड़ दिए थे। पुलिस ने खुदाई करवाकर यह रकम बरामद कर ली है।
इस पूरी साजिश में कर्मचारी का बेटा और उसके दो दोस्त भी शामिल थे, जिन्होंने पैसे छुपाने और हेरफेर करने में मदद की।
पुलिस ने 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और तकनीकी सुरागों की मदद से आरोपियों तक पहुँचने में सफलता पाई।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और गबन की गई बाकी राशि की बरामदगी के लिए उन्हें दो दिन की रिमांड पर लिया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने किसानों की मेहनत की कमाई को हड़पकर उनके साथ बड़ा धोखा किया है। अब पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या इस गिरोह ने पहले भी किसी और सहकारी समिति में ऐसी वारदातों को अंजाम दिया है।
यह खबर उन सभी किसानों के लिए एक चेतावनी है जो अपनी मेहनत की कमाई सहकारी समितियों में जमा करते हैं। हमेशा रसीद की जांच करें और सुनिश्चित करें कि आपका पैसा सही जगह पहुँचा है।


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