मध्य प्रदेश में कल सोमवार 9 मार्च को स्वास्थ्य सेवाएं होगी बुरी तरह प्रभावित:डॉक्टर्स ने किया हड़ताल का ऐलान:
संवाददाता
8 March 2026
अपडेटेड: 6:31 PM 0thGMT+0530
मध्य प्रदेश :
8 मार्च 2026:
लंबित स्टाइपेंड संशोधन लागू नहीं करने पर डॉक्टर्स ने किया हड़ताल का ऐलान:
मध्य प्रदेश में मरीजों और उनके परिजनों की मुसीबतें बढ़ने वाली है। क्योंकि क्योंकि कल 9 मार्च से प्रदेश भर के जूनियर डॉक्टर ने हड़ताल का ऐलान किया है । जिससे प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह प्रभावित होने की आशंका हो सकती है।
आज रविवार को निकाला ‘जस्टिस मार्च’:
आज मध्य प्रदेश के जूनियर डॉक्टर में ‘जस्टिस मार्च’ निकाला। जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन (JDA) के तत्वावधान में सभी सरकारी मेडिकल कॉलेज के जूनियर डॉक्टर्स ने सोमवार को हड़ताल करने की चेतावनी दी है। इस हड़ताल के कारण ओपीडी सेवाएं बंद रहेगी और ऑपरेशन भी नहीं हो सकेंगे । किंतु आपातकालीन सेवाएं जारी रहेंगी।
वरिष्ठ अधिकारियों ने इस हड़ताल को रोकने की कोशिश की है।
सभी प्रदेश के जूनियर डॉक्टर लंबित स्टाइपेंड संशोधन लागू करने की काफी समय से मांग कर रहे हैं।
आपको बता दें कि मध्य प्रदेश के मेडिकल कॉलेज में लगभग 8 हजार रेजिडेंट आइडेंट डॉक्टर सीनियर रेजिडेंट और इंटर्न्स है । और पिछले करीब तीन दिनों से यह शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं । आज सभी प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेज में जस्टिस मार्च भी निकाला गया और स्पष्ट चेतावनी दी है यदि उनकी मांगे नहीं मानी गई तो वह ओपीडी सेवाएं नहीं देंगे।
क्यों लागू नहीं हुआ स्टाइपेंड संशोधन:
जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन का कहना है कि उन्हें स्टाइपेंड संशोधन लागू करने के आदेश दिए गए थे । जो 1 अप्रैल 2025 से लागू भी होना था। किंतु अप्रैल 2025 से एरियर का भुगतान भी नहीं किया गया। इस वजह से जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन का कहना है कि जारी आदेश का क्रियान्वन हो और लंबित एरियर का भुगतान संबंधी तुरंत निर्णय लिया जाए ।
यदि उनकी मांगे नहीं मानी गई और कोई समाधान नहीं निकला तो सोमवार को प्रदेश भर के सभी जूनियर डॉक्टर हड़ताल करेंगे। उन्होंने काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन भी किया। सभी जूनियर डॉक्टर का कहना है कि वह तीन दिन से शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं किंतु यदि सरकार उनकी तरफ ध्यान नहीं देती है तो आगे यह विरोध प्रदर्शन तेज किया जाएगा।
उन्होंने स्पष्ट कहा है कि वह ओपीडी सेवाएं नहीं देंगे और ऑपरेशन नहीं करेंगे । किंतु आपातकालीन सेवाएं जारी रहेंगी।