मध्य प्रदेश में बिजली जरूरत को देखते हुए राज्य सरकार का बड़ा फैसला: नई ताप विद्युत परियोजनाओं हेतु अनूपपुर बनेगा पावर हब:
संवाददाता
27 January 2026
अपडेटेड: 2:34 PM 0thGMT+0530
मध्य प्रदेश में उद्योगों हेतु और विकास की नई योजनाओं को लागू करने के लिए बिजली की मांग की जरूरत लगातार बढ़ रही है। इस दिशा में मध्य प्रदेश की सरकार ने ऊर्जा के नए स्रोत के रूप में मध्य प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने हेतु नया कदम शुरू किया है।
मध्य प्रदेश सरकार ने नई ताप विद्युत परियोजनाओं से 4000 मेगावाट बिजली खरीदने हेतु की मंजूरी:
बिजली की जरूरत को देखते हुए मध्य प्रदेश की सरकार ने नई ताप विद्युत परियोजनाओं से 4000 मेगावाट बिजली खरीदने की मंजूरी दी है।
इस विद्युत परियोजना सेबिजली संकट हल होगा साथ ही निवेश और रोजगार के नए मौके भी मिलेंगे।
इस इस परियोजना के तहत आज मुख्यमंत्री निवास पर तीन बड़ी कंपनियों के साथ बिजली आपूर्ति अनुबंध किए जाएंगे।
इसके लिए मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड ने प्रतिस्पर्धी निविदा प्रक्रिया पूरी की । जिसमें कुल 3200 मेगावाट क्षमता के लिए तीन कंपनियों का चुनाव किया गया। इसके अतिरिक्त ग्रीन शू विकल्प के तहत 800 मेगावाट अतिरिक्त का भी आवंटन किया गया।
किन कंपनियों को किया गया चयनित:
हिंदुस्तान थर्मल प्रोजेक्ट्स लिमिटेड- जिसे 800 मेगावाट परियोजना सौपी गई ।
टरेंट पावर लिमिटेड- जिसे 1600 मेगावाट की परियोजनाएं सौपी गई।
इसके अलावा अदानी पावर लिमिटेड को 800 मेगावाट परियोजनाएं सौपी गई। सभी कंपनियां अपनी स्पेशल पर्पल व्हीकल के माध्यम से बिजली आपूर्ति अनुबंध करेंगे और
ग्रीन शू विकल्प के तहत 800 मेगावाट अदानी पावर को दिया गया है।
अनूपपुर जिले में स्थापित होगी नई ताप विद्युत परियोजनाएं:
यह सभी प्रस्तावित ताप विद्युत परियोजनाएं अनूपपुर जिले में स्थापित की जाएंगी । जिससे आने वाले वर्षों में विद्युत उत्पादन के क्षेत्र में मध्य प्रदेश एक बड़ा केंद्र बन सकता है।
इन परियोजनाओं से मध्य प्रदेश को कई क्षेत्रों में लाभ मिलने की उम्मीद है। जिसमें 2030 तक नियमित बिजली आपूर्ति की संभावना पूरी हो सकती है। इससे उद्योगों ,कृषि और शहरी जरूरत को स्थाई समाधान मिलेगा।
युवाओं को रोजगार के प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से नए अवसर मिलेंगे।
विद्युत के क्षेत्र में मध्य प्रदेश का कदम एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है।