1 मई 2026
भोपाल:
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से नशीले पदार्थों के काले कारोबार के खिलाफ एक बड़ी और सख्त खबर सामने आई है। भोपाल जिला न्यायालय ने एमडी ड्रग्स (मेफेड्रोन) पाउडर की अवैध तस्करी में शामिल दो आरोपियों को दोषी मानते हुए 10-10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट के इस कड़े फैसले से नशीले पदार्थों के कारोबारियों को एक कड़ा संदेश गया है।
अदालत का सख्त फैसला
भोपाल जिला न्यायालय के चौबीसवें अपर सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश (एनडीपीएस एक्ट) डॉ. मुकेश चौबे ने इस मामले की सुनवाई की। अदालत ने दोनों आरोपियों, मोहसिन खान और आसिफ खान, को दोषी पाया और उन्हें 10-10 साल की कठोर जेल की सजा सुनाई। जेल की सजा के साथ-साथ, अदालत ने प्रत्येक दोषी पर एक-एक लाख रुपये का भारी जुर्माना भी लगाया है।
क्या है पूरा मामला?
यह मामला 24 नवंबर 2024 का है। उस दिन पुलिस को एक गुप्त सूचना मिली थी कि गांधी नगर इलाके में दो व्यक्ति एमडी ड्रग्स की सप्लाई कर रहे हैं और वे अयोध्या नगर में ड्रग्स की एक बड़ी खेप पहुंचाने वाले हैं। इस सूचना के आधार पर, नारकोटिक्स शाखा की एक टीम ने तुरंत कार्रवाई की और एयरपोर्ट रोड पर निगरानी शुरू कर दी।
कार से ड्रग्स बरामद
टीम ने एयरपोर्ट रोड पर एक संदिग्ध काले रंग की कार (नंबर एमपी 04 एचडी 0172) को रोककर उसकी जांच की। कार में सवार दोनों युवकों ने अपना नाम मोहसिन खान और आसिफ खान बताया। जब कार की तलाशी ली गई, तो उसके डैशबोर्ड से सफेद पाउडर से भरी एक पारदर्शी प्लास्टिक की थैली बरामद हुई।
जांच में एमडी ड्रग्स की पुष्टि
पुलिस ने बरामद पाउडर को जांच के लिए भेजा, जहां यह पुष्टि हुई कि यह मादक पदार्थ ‘एमडी ड्रग्स’ है। इसके बाद, दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (स्वापक औषधि और मनःप्रभावी पदार्थ) एक्ट की धारा 8/22 के तहत मामला दर्ज किया गया।
अदालत की सुनवाई और न्याय
अदालत में सुनवाई के दौरान, अभियोजन पक्ष ने आरोपियों के खिलाफ ठोस सबूत और गवाह पेश किए। अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर, कोर्ट ने आरोपियों पर लगे आरोपों को सिद्ध माना। इसके बाद ही अदालत ने दोनों दोषियों को 10-10 साल के कठोर कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई।
इस मामले में शासन की ओर से विशेष लोक अभियोजक विक्रम सिंह और मनोज त्रिपाठी ने प्रभावी पैरवी की, जिससे दोषियों को सजा मिल सकी।


Leave a Reply