पटना में JDU नेत्री पर जानलेवा हमला
संवाददाता
21 April 2025
अपडेटेड: 7:19 AM 0stGMT+0530
बदमाशों ने गोली मारी, सीने में फंसी बुलेट, पुराने विवाद में फायरिंग का शक
बदमाशों ने गोली मारी, सीने में फंसी बुलेट, पुराने विवाद में फायरिंग का शक
बिहार की राजधानी पटना में अपराधियों ने जनता दल यूनाइटेड (JDU) की महिला नेत्री पर जानलेवा हमला किया। सोमवार सुबह करीब 9 बजे मसौढ़ी थाना क्षेत्र के अकौना गांव में बदमाशों ने नेत्री पर ताबड़तोड़ फायरिंग की। हमले में दो राउंड गोलियां चलाई गईं, जिनमें से एक गोली उनके हाथ और दूसरी सीने में लगी। सीने में फंसी बुलेट के कारण उनकी हालत गंभीर बनी हुई है, और उन्हें तुरंत पटना के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी सर्जरी की तैयारी चल रही है।
हमले का विवरण
पुलिस के अनुसार, JDU नेत्री अपने घर के बाहर थीं, जब दो मोटरसाइकिल सवार बदमाश वहां पहुंचे। बदमाशों ने पहले उनसे कुछ देर बात की और फिर अचानक फायरिंग शुरू कर दी। पहली गोली उनके दाहिने हाथ में लगी, जबकि दूसरी गोली सीने में जा लगी। गोलीबारी के बाद बदमाश मौके से फरार हो गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और नेत्री को अस्पताल पहुंचाया। मसौढ़ी थाना पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है और फरार अपराधियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।

पुराने विवाद में हमले का शक
पुलिस और स्थानीय सूत्रों के अनुसार, यह हमला पुराने विवाद से जुड़ा हो सकता है। JDU नेत्री के परिवार ने बताया कि कुछ समय पहले उनका गांव के कुछ लोगों के साथ जमीन और संपत्ति को लेकर विवाद हुआ था। इस विवाद में पहले भी धमकियां मिल चुकी थीं। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में इस पुराने विवाद को हमले का प्रमुख कारण माना है, लेकिन अन्य कोणों से भी जांच की जा रही है। मसौढ़ी थाना प्रभारी ने बताया कि कुछ संदिग्धों के नाम सामने आए हैं, जिन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
बरामद साक्ष्य और जांच
घटनास्थल से पुलिस ने दो खोखे (खाली कारतूस) बरामद किए हैं, जो 9mm पिस्टल के बताए जा रहे हैं। पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पटना के SSP ने कहा, “हम इस मामले को गंभीरता से ले रहे हैं। अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। जल्द ही हमलावरों को पकड़ लिया जाएगा।” पुलिस ने यह भी संकेत दिया कि हमले में शामिल बदमाश स्थानीय हो सकते हैं, क्योंकि उन्हें इलाके की अच्छी जानकारी थी।
JDU नेताओं की प्रतिक्रिया
JDU ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और इसे बिहार में कानून-व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति का सबूत बताया है। JDU के प्रवक्ता निखिल मंडल ने कहा, “हमारी नेत्री पर हमला न केवल उनकी जान को खतरा है, बल्कि यह लोकतंत्र पर भी हमला है। हम सरकार से मांग करते हैं कि दोषियों को तुरंत गिरफ्तार किया जाए और इस मामले की निष्पक्ष जांच हो।” पार्टी के कई नेता अस्पताल पहुंचे और नेत्री के स्वास्थ्य की जानकारी ली। JDU ने इस घटना को लेकर मसौढ़ी में विरोध प्रदर्शन की भी योजना बनाई है।
विपक्ष का हमला
विपक्षी दलों ने इस घटना को लेकर नीतीश कुमार सरकार पर निशाना साधा है। राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा, “बिहार में जंगलराज लौट आया है। जब सत्तारूढ़ पार्टी की नेत्री सुरक्षित नहीं है, तो आम जनता का क्या हाल होगा?” कांग्रेस ने भी इस हमले की निंदा करते हुए कहा कि बिहार में अपराधी बेखौफ हो गए हैं। विपक्ष ने सरकार से इस मामले में कड़ी कार्रवाई और पीड़िता को सुरक्षा देने की मांग की है।
सोशल मीडिया पर हंगामा
इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर लोग बिहार की कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल उठा रहे हैं। कई यूजर्स ने लिखा, “जब एक महिला नेत्री पर दिनदहाड़े गोली चल रही है, तो बिहार में कोई सुरक्षित नहीं है।” कुछ ने इस हमले को राजनीतिक साजिश का हिस्सा बताया, जबकि अन्य ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की मांग की। JDU समर्थकों ने नेत्री के जल्द स्वस्थ होने की कामना की और दोषियों को सख्त सजा देने की बात कही।
नेत्री की स्थिति
अस्पताल सूत्रों के अनुसार, JDU नेत्री की हालत स्थिर लेकिन गंभीर है। सीने में फंसी बुलेट को निकालने के लिए सर्जरी की तैयारी चल रही है। डॉक्टरों का कहना है कि अगले 24 घंटे उनके लिए महत्वपूर्ण हैं। परिवार ने गोपनीयता की मांग की है और नेत्री का नाम सार्वजनिक नहीं किया गया है।
बिहार में बढ़ते अपराध
यह घटना बिहार में हाल के महीनों में बढ़ती आपराधिक घटनाओं की कड़ी में एक और मामला है। पटना, गया, और मुजफ्फरपुर जैसे शहरों में गोलीबारी और हत्या की घटनाएं बढ़ी हैं, जिसके चलते नीतीश सरकार विपक्ष के निशाने पर है। इस हमले ने एक बार फिर बिहार की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि अगर उनके पास हमले से जुड़ी कोई जानकारी है, तो वे तुरंत संपर्क करें। इस बीच, मसौढ़ी और आसपास के इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है ताकि कोई और अप्रिय घटना न हो। यह देखना बाकी है कि पुलिस कितनी जल्दी अपराधियों को पकड़ पाती है और इस मामले में क्या नए खुलासे सामने आते हैं।