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19 June 2026

नई दिल्ली।

देश में नीट यूजी परीक्षा को लेकर चल रहे विवादों के बीच केंद्र सरकार आगामी पुनर्परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित और निष्पक्ष कराने के लिए पूरी ताकत झोंक रही है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने 21 जून को होने वाली नीट यूजी पुनर्परीक्षा की तैयारियों को लेकर एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक की। इस बैठक में उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि परीक्षा के दौरान ईमानदारी, पारदर्शिता और कुशलता का पूरा ध्यान रखा जाए ताकि व्यवस्था सर्वोच्च स्तर की बनी रहे।
इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव संजय कुमार, उच्च शिक्षा विभाग के सचिव विनीत जोशी और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) के महानिदेशक सुबोध कुमार सिंह सहित कई मंत्रालयों और वरिष्ठ विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। शिक्षा मंत्री ने एनटीए, राज्य सरकारों और उच्च शिक्षण संस्थानों को आपस में तालमेल बिठाकर काम करने को कहा है। उन्होंने साफ शब्दों में निर्देश दिया कि परीक्षा को बिना किसी गड़बड़ी, निष्पक्ष और त्रुटिहीन तरीके से कराने के लिए सभी जरूरी इंतजाम समय से पहले सुनिश्चित कर लिए जाएं।

सोशल मीडिया की अफवाहों से दूर रहें छात्र: एनटीए की अपील
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने छात्रों और अभिभावकों से एक खास अपील की है। एनटीए ने कहा है कि सोशल मीडिया पर परीक्षा को लेकर कई तरह की भ्रामक और झूठी खबरें फैलाई जा रही हैं। छात्र इन अफवाहों से पूरी तरह दूर रहें और शांत मन से अपनी परीक्षा की तैयारी पर भरोसा रखें। परीक्षा अपने तय कार्यक्रम और नियमों के अनुसार ही आयोजित की जाएगी।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम: हेलीकॉप्टर से पहुंचे पेपर
परीक्षा की गोपनीयता और सुरक्षा को बनाए रखने के लिए इस बार प्रशासन बेहद गंभीर है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में नीट यूजी पुनर्परीक्षा के प्रश्न पत्रों को पूरी तरह सुरक्षित पहुंचाने के लिए भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टर की मदद ली गई। गुरुवार को वायुसेना का एक विशेष हेलीकॉप्टर प्रश्न पत्रों का बॉक्स लेकर इमलीखेड़ा हवाई पट्टी पर उतरा। वहां पहले से ही जिला प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भारी सुरक्षा बल के साथ मुस्तैद थे। प्रश्न पत्रों को पूरी गोपनीयता के साथ सुरक्षित गाड़ी में रखा गया और सीधे स्थानीय पुलिस प्रशासन की निगरानी में बने स्ट्रांग रूम में भेज दिया गया।

हाईकोर्ट में टेलीग्राम पर केंद्र सरकार का बड़ा बयान
नीट परीक्षा के पेपर लीक मामले की कड़ियों को जोड़ते हुए केंद्र सरकार ने दिल्ली हाईकोर्ट में टेलीग्राम ऐप को लेकर एक बेहद गंभीर बात कही है। एक याचिका की सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने अदालत को बताया कि टेलीग्राम ऐप पर कई अवैध और राष्ट्रविरोधी गतिविधियां धड़ल्ले से चल रही हैं। इस प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल पेपर लीक करने, जबरन वसूली, जालसाजी और यहां तक कि आतंकवाद से जुड़े कंटेंट को शेयर करने के लिए किया जा रहा है। सरकार ने कोर्ट को सौंपे हलफनामे में कहा कि टेलीग्राम का इस्तेमाल कॉर्पोरेट धोखाधड़ी और बच्चों के यौन शोषण से जुड़ी सामग्री फैलाने के लिए भी हो रहा है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए कोर्ट ने भी माना कि प्लेटफॉर्म की कानूनी कमियों पर गहराई से विचार करने की आवश्यकता है।


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